
नर्मदापुरम / सामान्य वनमण्डल के सीसीएफ अशोक कुमार और डीएफओ मयंक गुर्जर के दिशा निर्देशन में एसडीओ मानसिंह सिंह मरावी के मार्गदर्शन में सोहागपुर के रेंजर सुमित पाण्डेय के नेतृत्व में वन विभाग की टीम ने मगर की मौत मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। बताया गया कि वन टीम को गश्ती के दौरान ग्राम सिंगवाडा के लीलाबाई नायक के खेत में एक मृत मगरमच्छ पड़ा मिला। जिसका बांया पैर बांस के टुकड़े से जीआई तार से बंधा हुआ था। मृत मगरमच्छ के समस्त अंग सुरक्षित थे। वनरक्षक ने तत्काल रेंजर सुमित पाण्डेय मगरमच्छ मिलने संबंधी सूचना दी। श्री पाण्डेय द्वारा डॉग स्क्वॉड एवं अन्य वन अमले के साथ घटना स्थल के आसपास के क्षेत्र में छानबीन की गई तब मौका स्थल के समीप लगभग 50 मीटर के अंदर 03 नग पेस्टीसाइड के खाली डिब्बे, 02 नग खाली नमकीन के पाउच एवं पास के खेत से लगभग 200 फिट बिजली की डोरी लगी हुई प्राप्त की गई । मृत मगरमच्छ लंबाई मुंह से पूंछ तक 148cm एवं जीआई तार लगभग 01 फिट व बांस का टुकड़ा लगभग 05 फिट को जप्त कर जप्तीनामा, मौका पंचनामा तैयार कर अन्य वैधानिक कार्यावाही कर वन अपराध प्रकरण क्रमांक 13710/61 जारी किया गया। बताया गया कि विवेचना के दौरान मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर दिनांक 23/09/2025 को दो संदिग्ध व्यक्ति ओमप्रकाश वल्द रमेश मर्सकोले निवासी ग्राम सिंगवाड़ा तहसील सोहागपुर एवं उत्तम वल्द किशन सिंह उइके निवासी ग्राम सिंगवाड़ा तहसील सोहागपुर को पूछताछ के लिये निरीक्षण कुटीर सोहागपुर बुलाया गया जहां उनके द्वारा पूछताछ के दौरान अपना जुर्म स्वीकार कर बताया कि हमारे द्वारा नहर के पानी में मछली मारने के लिये बिजली खंबे से डोरी खींचकर करंट लगाया था उसी करंट से मगरमच्छ की मृत्यु हो गई। उक्त दोनों आरोपियों को वन्यप्राणी संरक्षण अधिनियम 1972 की धारा 2, 9, 39, 50, 51 के अंतर्गत माननीय न्यायालय सोहागपुर के समक्ष प्रस्तुत किया गया। उक्त कारवाई में रेंजर समित पाण्डेय सहित वनपाल संजय तिवारी, वनरक्षक फुलेन्द्र, रंजन, रोहित पटेल सहित ने अन्य वन अमले का सराहनीय योगदान रहा है।

