
नर्मदापुरम / इटारसी में एक ओर गर्मी के दौरान नागरिकों को पेयजल की समस्या का सामना करना पड़ा और कई क्षेत्रों में टैंकरों के माध्यम से पानी पहुंचाने की आवश्यकता पड़ी, वहीं दूसरी ओर मुख्य पाइपलाइनों के लीकेज एवं वॉल की खराबी के कारण बड़ी मात्रा में पेयजल व्यर्थ बह रहा है। यह स्थिति जल संरक्षण और शहर की जल व्यवस्था दोनों के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
गांधी ग्राउंड के सामने स्थित पार्क के समीप मुख्य पाइपलाइन में लीकेज के कारण सड़क पर काफी मात्रा में पानी जमा हो गया है। पानी बहते-बहते पार्क के मुख्य द्वार तक पहुंच गया है। मौके की स्थिति यह सवाल खड़ा करती है कि जब शहर के कई हिस्सों में नागरिकों को पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने के लिए टैंकरों का सहारा लेना पड़ता है, तब इस प्रकार लगातार पानी का बहना कैसे स्वीकार किया जा सकता है।
इसी प्रकार साईं की बगिया के पास स्थित वॉटर एयर वॉल भी लंबे समय से क्षतिग्रस्त बताई जा रही है। बताया जाता है कि वहां टेस्टिंग की प्रक्रिया के दौरान पानी छोड़ा जाता है, लेकिन यदि इस दौरान आवश्यकता से अधिक पानी व्यर्थ बह रहा है तो उसके उचित प्रबंधन और संग्रहण की व्यवस्था भी नगर पालिका द्वारा सुनिश्चित की जानी चाहिए।
यह केवल पानी की बर्बादी का विषय नहीं है, बल्कि जल संरक्षण, जनस्वास्थ्य और शहर की भविष्य की जल सुरक्षा से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा है। एक ओर शहर में जल संकट की स्थिति देखने को मिलती है और दूसरी ओर उपलब्ध पानी का इस तरह सड़क पर बहना निश्चित रूप से चिंताजनक है।
हम नगर पालिका के जल प्रदाय विभाग एवं संबंधित अधिकारियों से आग्रह करते हैं कि गांधी ग्राउंड के सामने हुए पाइपलाइन लीकेज की तत्काल मरम्मत कराई जाए तथा साईं की बगिया सहित शहर में जहां भी पाइपलाइन, वॉल या अन्य जल संरचनाओं से अनावश्यक पानी बह रहा है, उनका निरीक्षण कर आवश्यक सुधार किया जाए।
साथ ही टेस्टिंग अथवा तकनीकी प्रक्रिया के दौरान निकलने वाले पानी को संभव हो तो संग्रहित कर पुनः उपयोग करने की व्यवस्था विकसित की जाए, ताकि एक-एक बूंद पानी का सदुपयोग हो सके।
सिद्धार्थ आर्य ने कहा कि “पानी की एक-एक बूंद शहर की संपत्ति है। जल संकट के समय नागरिकों से पानी बचाने की अपील करना तभी सार्थक होगा, जब हमारी व्यवस्थाएं भी पानी की बर्बादी रोकने के लिए उतनी ही गंभीरता से काम करें। हमारा उद्देश्य किसी पर आरोप लगाना नहीं, बल्कि व्यवस्था को बेहतर बनाना और इटारसी के नागरिकों के लिए सुरक्षित एवं पर्याप्त जल व्यवस्था सुनिश्चित करना है।”
उन्होंने नगर पालिका अधिकारियों से जनहित में मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई एवं नियमित निरीक्षण की व्यवस्था सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है।

