नर्मदापुरम।
शहर में एक तरफ एक पेड़ मां के नाम अभियान सहित अन्य माध्यम से पेड़ पौधे लगाए जा रहे हैं। पर्यावरण की रक्षा के लिए पेड़ जरूरी है यह शासन प्रशासन द्वारा बताया जा रहा है। इसके साथ ही बारिश में एक तरफ जहां हर समाज और संस्थाएं पौधारोपण कर रही हैं। वहीं दूसरी ओर हरे वृक्षों को काटने का काम भी किया जा रहा है । संत रविदास चौराहा बाबई रोड पर एक बड़ का हरी-भरा पेड़ को काटा गया । बरसात के मौसम में यह पेड़ शाखा सहित पूरा काट दिया गया जबकि बारिश में पेड़ काटना माना है , लेकिन इसके बावजूद भी यह पेड़ काटा गया । बताया जाता है कि वृक्ष को काटकर शाखाएं नीचे फैला दी गई हैं। जबकि शासन के निर्देश है कि बिना अनुमति और बरसात में हरे भरे वृक्ष को नहीं काटना चाहिए। दुकान के मालिक सौरभ ने बताया कि पेड़ को आजू-बाजू से काट दिया है उन्होंने कहा कि हम बिजली ऑफिस गए थे तो उन्होंने मना कर दिया उसकेबाद नगर पालिका गए थे तो उन्हें मना कर दिया कि फॉर्म भरो । वन विभाग के अधिकारी ने मौखिक कहा कि शाखाएं काट दो। एक तरफ बरसात में लोग पेड़ लगा रहे हैं। वहीं मुख्यमंत्री हरियाली और एक पेड़ मां के नाम से पूरे प्रदेश में अभियान चल रहा है । जिला प्रशासन भी नर्मदा पुरम में अभियान चला रहा है । वहीं दूसरी तरफ सौरभ यादव ने अपनी दुकान में करंट फैलने का बहाना लेकर हरे भरे पेड़ काट डाले। अब बड़ पेड़ काटने का जिम्मेदार कौन होगा।
इनका कहना है
जब इस पूरे मामले में नगर पालिका सीएमओ से बात करने मोबाइल लगाया तो उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया।
हमारे टीन शेड पर पेड़ की शाखा आ रही थी। इसको लेकर उसमें करंट आ रहा था। हम बिजली विभाग के पास गए लेकिन उन्होंने कहा यह हमारा काम नहीं । फिर नगर पालिका गए तो उन्होंने कहा फॉर्म भरवा आवेदन दो और बाद में आने की बात कही। इसलिए हमने पेड़ की शाखा छांट दी।
सौरभ यादव
दुकान संचालक

