47 आरोपियों को भेजा गया जेल
दयाराम फौजदार रिपोर्टर नर्मदा पुरम।
सतपुड़ा टाइगर रिजर्व की डॉग टीना की जबलपुर में मौत हो गई। टीना का कई दिनों से इलाज चल रहा था। डॉग टीना का जन्म सितंबर 2017 को हुआ था। डॉग टीना को 1 अप्रैल 2018 से दिसंबर 2018 तक 9 माह का प्रशिक्षण राष्ट्रीय स्वान प्रशिक्षण केंद्र सीमा सुरक्षा बल टेकनपुर ग्वालियर में सतपुड़ा टाइगर रिजर्व से हैंडलर स्थाई कर्मी अनूलाल भोवसरे एवं सुरक्षा श्रमिक राज् नारायण भल्लवी को ट्रेनिंग हेतु भेजा डॉग टीना को ट्रेनिंग के दौरान वन्य प्राणी बाघ तेंदुआ अन्य वन्य प्राणियों के अवशेषों से ट्रेनिंग दी गई। सफलतापूर्वक ट्रेनिंग बाद डॉग टीना हैंडलर सहित सतपुड़ा टाइगर रिजर्व नर्मदापुरम मटकुली मुख्यालय पर रखा गया। फील्ड डायरेक्टर राखी नंदा और प्रभारी विनोद वर्मा ने बताया कि वरिष्ठ कार्यालय भोपाल के निर्देश अनुसार जनवरी 2019 को क्षेत्रीय टाइगर स्ट्राइक फोर्स नर्मदा पुरम में वन्य प्राणी सुरक्षा की दृष्टि से हस्तांतरित किया गया जिसमें पूर्व के डॉग हैंडलर पदम सिंह राजपूत सेवाराम यूके को डॉग टीना को दिया गया। टाइगर रिजर्व नर्मदा पुरम में हरदा , होशंगाबाद, बैतूल एवं अन्य मंडलों में डॉग टीना के द्वारा वन्य प्राणी केश और आरोपियों को पकड़ने में उपलब्धि पाई गई एवं आरोपियों को पकड़ने में डॉग टीना की अहम भूमिका रही । डॉग टीना के द्वारा 2019 से 2025 तक कुल केस 60 के लगभग 47 आरोपियों के लगभग को सफलतापूर्वक जेल भेजा गया । डॉट टीना का स्वास्थ्य दिनांक 17 अक्टूबर 2025 से लगातार इलाज हेतु इटारसी, नर्मदापुरम, भोपाल एवं जबलपुर में दिखाया गया । रविवार को सुबह में डॉग टीना ने अंतिम सांस ली गई । सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद अंतिम संस्कार टाइगर स्ट्राइक फोर्स जबलपुर डॉग स्क्वाड प्रांगण में किया जाएगा।

