
नर्मदापुरम / पिपरिया / दहेज प्रताड़ना का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ एक नवविवाहिता को ससुराल वालों द्वारा कमरे में बंद कर जानलेवा हमला करने और आग लगाकर ज़िंदा जलाने की कोशिश का गंभीर आरोप लगा है। पीड़िता ने पिपरिया पुलिस पर कार्रवाई न करने और केवल आश्वासन देने का आरोप लगाते हुए अब पुलिस अधीक्षक (SP) कार्यालय नर्मदापुरम में लिखित आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है।
क्या है पूरा मामला?…
शोभापुर (जिला नर्मदापुरम) निवासी शिरीन बी (पिता: फिरोज खान) का विवाह पिपरिया के टावर मोहल्ला (गली नं. 02) निवासी आसिफ खान (पिता: कक्कू खान) के साथ हुआ था। पीड़िता शिरीन बी के अनुसार, शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष द्वारा दहेज की मांग को लेकर उसे लगातार प्रताड़ित और परेशान किया जा रहा था। बात यहीं नहीं रुकी—बीती 23 जुलाई 2026 की दोपहर करीब 12 बजे उसके पति आसिफ खान, सास और भाभी ने मिलकर उसे एक कमरे में बंद कर दिया और उसके साथ जमकर मारपीट की। इसके बाद आरोपियों ने उस पर आग लगा दी और उसे कमरे में बंद कर भाग गए।
मोहल्ले वालों ने बचाई जान…..
आग की लपटें और चीख-पुकार सुनकर मोहल्ले के लोगों ने तुरंत तत्परता दिखाई और घर का दरवाजा तोड़कर पीड़िता को बाहर निकाला, जिससे उसकी जान बच सकी। घटना के बाद डायल-112 पुलिस वाहन को बुलाया गया, जिसके बाद पीड़िता को अस्पताल और थाने ले जाया गया। स्थानीय पुलिस की भूमिका पर उठाए सवाल पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक को दिए आवेदन में आरोप लगाया है कि: पिपरिया स्टेशन रोड थाने में 23 जुलाई 2026 को शिकायत दर्ज कराए जाने के बावजूद पुलिस केवल “समय लगेगा” कहकर टालमटोल कर रही है। घटना के बाद भी ससुराल पक्ष लगातार उस पर और उसके भाई/लड़के पर शिकायत वापस लेने का दबाव बना रहा है तथा शिकायत वापस न लेने पर जान से मारने की धमकी दे रहा है। आधिकारिक दर्ज दस्तावेज एवं कानूनी स्थिति स्टेशन रोड पिपरिया पुलिस द्वारा इस मामले में 23 जुलाई 2026 को अपराध क्रमांक 0285/2026 के तहत FIR दर्ज की गई है। इसमें पीड़िता (शिकायतकर्ता) के रूप में शिरीन बी का नाम दर्ज है।
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की निम्नलिखित धाराओं के तहत मामला पंजीकृत किया है: धारा 296(b) गाली-गलौज / अश्लील हरकतें, धारा 115(2) स्वेच्छा से चोट/चोट पहुँचाना (मारपीट), धारा 351(3) आपराधिक धमकी (जान से मारने की धमकी) धारा 3 (5) समान मंशा से कई व्यक्तियों द्वारा किया गया अपराध। न्याय की मांग पीड़िता शिरीन बी ने SP नर्मदापुरम को पत्र सौंपकर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने, उचित न्याय दिलाने और अपनी व अपने परिवार की सुरक्षा की गुहार लगाई है।

