नर्मदापुरम / शासकीय गृह विज्ञान स्नातकोत्तर अग्रणी महाविद्यालय में दिनांक 18 एवं 19 दिसम्बर 2025 को मध्य प्रदेश शासन उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार भारतीय ज्ञान परंपरा के अंतर्गत त्रैमासिक कैलेंडर की श्रृंखला में राष्ट्रीय गणित दिवस के अवसर पर विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। जिसमें छात्राओं ने बढ़-चढ़कर सहभागिता की। गणित के क्षेत्र में भारतीय ज्ञान परंपरा का अवदान विषय की थीम पर आयोजित संगोष्ठी का आयोजन किया गया। भारत के महान गणितज्ञ विषय पर आधारित प्रदर्शनी प्रतियोगिता, वैदिक गणित एवं महान गणितज्ञ विषय पर भाषण प्रतियोगिता, वैदिक गणित का वैशिष्ट्य विषय पर निबंध प्रतियोगिता, प्रश्न मंच एवं वीडियो प्रदर्शन कर छात्राओं की सहभागिता कराई गई। गणित दिवस पर आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं में महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. श्रीमती कामिनी जैन, विशिष्ट अतिथि डॉ. रश्मि तिवारी प्राध्यापक शासकीय एमजीएम महाविद्यालय इटारसी, गणित विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. विनीत कुमार अग्रवाल ने मंच पर अपनी गरिमामयी उपस्थिति प्रदान की। मां सरस्वती की पूजन एवं दीप प्रज्वलन एवं अतिथियों के स्वागत उपरांत कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. श्रीमती कामिनी जैन ने अपने उद्बोधन में कहा कि भारतीय गणितज्ञ श्रीनिवास रामानुजन का योगदान अतुलनीय एवं अविस्मरणीय है। भारतीय गणित का इतिहास हजारों वर्षों से समृद्ध और विविधता पूर्ण है, जो प्राचीन सभ्यता से लेकर शास्त्रीय काल तक फैला हुआ है। भारतीय गणितज्ञों के योगदान ने गणित के विकास पर गहरा प्रभाव डाला है, जिसने भारत और दुनिया भर के वैज्ञानिक और तकनीकी प्रगति के पाठ्यक्रम को प्रभावित किया है।
विशिष्ट वक्ता डॉ. रश्मि तिवारी ने अपने उद्बोधन में कहा कि वैदिक काल के दौरान भारतीय गणित का विकास जारी रहा। जिसमें ज्यामिति, बीजगणित, संख्या प्रणाली की विस्तृत जानकारी से छात्राओं को मार्गदर्शित किया। डॉ. तिवारी ने शास्त्रीय काल के गणितज्ञ आर्यभट्ट, ब्रह्मगुप्त , माधव के प्रमुख योगदान दशमलव प्रणाली, शून्य, बीजगणित, त्रिकोणमिति से संबंधित जानकारी छात्राओं से साझा की। डॉ. विनीत कुमार अग्रवाल ने अपने उद्बोधन में कहा कि गणित में भारतीयों का योगदान बहुत गहरा और दूरगामी है। प्राचीन सभ्यताओं से लेकर शास्त्रीय काल तक भारतीय गणितज्ञों ने गणित की विभिन्न शाखों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, जिससे वैज्ञानिक एवं तकनीकी प्रणाली की दिशा तय हुई है। मंच का सफल संचालन कु रोशनी सराठे ने एवं आभार शुभम् भद्रे ने किया। इस अवसर देवेंद्र सैनी तकनीकी सहयोग एवं श्रीमती दीपिका राजपूत, डॉ. कीर्ति दीक्षित ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया।प्रतियोगिता में विजेता छात्राओं को पुरस्कार प्रदान किए गए। भाषण प्रतियोगिता डाली राजपूत , दीक्षा साहू एवं सुजीता चौहान ने अपने विचार व्यक्त किए। निबंध प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर अनीशा राजपूत, द्वितीय स्थान पर नाजिश वी एवं तृतीय स्थान पर पलक साहू रहीं। पोस्ट निर्माण प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर स्नेहा शर्मा, द्वितीय स्थान पर श्रेयांशी पचोरी एवं तृतीय स्थान पर साक्षी वरकड़े रही। विजेता छात्राओं को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर गणित विषय की लगभग 100 छात्राओं ने सहभागिता की। इस अवसर पर श्रीमती आभा वाधवा, प्रीति ठाकुर महाविद्यालय स्टाफ एवं छात्राए उपस्थिति रही।

