
इटारसी / सोनासांवरी रेलवे क्रॉसिंग पर निर्माणाधीन करीब 40 करोड़ रुपये लागत के ओवरब्रिज की तीसरी भुजा को रोकने तथा फिजिबिलिटी परीक्षण के नाम पर अनिश्चितकाल तक टालने की कार्रवाई को कांग्रेस ने जनहित के विरुद्ध कदम बताते हुए तीखी आपत्ति दर्ज की है। कांग्रेस जिला अध्यक्ष शिवाकांत पांडे ‘गुड्डन’ ने कहा कि यह ओवरब्रिज केवल एक संरचना नहीं, बल्कि इटारसी शहर व आसपास के 18 गांवों की जीवनरेखा है। मूल डिजाइन में शामिल तीसरी भुजा सीधे न्यास बाईपास, खेड़ा पेट्रोल पंप और सोनासांवरी क्षेत्र को जोड़ती है, जिससे भारी यातायात दबाव कम होता और ग्रामीणों को तेज, सुरक्षित और सुगम मार्ग मिलता।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा —
“तीसरी भुजा को हटाने या रोकने का कोई भी प्रयास जनता के अधिकारों पर हमला है। इससे 18 गांवों के हजारों लोगों को शहर में घुसकर लंबा चक्कर लगाना पड़ेगा, भीतरी सड़कों पर जाम बढ़ेगा और बारिश के दौरान जलभराव की स्थिति में ग्रामीण क्षेत्रों का शहर से संपर्क तक टूट सकता है। कांग्रेस यह अन्याय किसी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी।”
कांग्रेस का आरोप है कि यह पूरा मामला मूल डिजाइन से विचलन का है, जिसकी मंजूरी शहर की जरूरतों और भू-यातायात की आवश्यकता को ध्यान में रखकर दी गई थी। बिना किसी तार्किक कारण के डिजाइन में बदलाव समझ से परे है।
पांडे ने कहा कि यह प्रोजेक्ट भविष्य में इटारसी की लाइफलाइन सिद्ध होगा और तीसरी भुजा इसके सुचारू संचालन के लिए अनिवार्य है।
उन्होंने स्पष्ट रुख अपनाते हुए कहा —
“यदि सरकार और संबंधित विभाग तुरंत तीसरी भुजा के निर्माण की घोषणा नहीं करते, तो कांग्रेस पार्टी उग्र जन आंदोलन शुरू करेगी। शहर व ग्रामीण क्षेत्र के हक के लिए कांग्रेस सड़क पर उतरकर पूरी ताकत से संघर्ष करेगी।”
अंत में कांग्रेस ने प्रशासन और राज्य सरकार को पत्र लिखकर इस मामले पर शीघ्र निर्णय लेने और प्रोजेक्ट को मूल स्वरूप में बहाल करने की मांग की है। उक्त जानकारी अनिल रैकवार द्वारा दी गई ।

