
नर्मदापुरम / शासकीय शिक्षक संगठन मध्यप्रदेश ने जिला नर्मदापुरम में BAC/CAC की विसंगतिपूर्ण काउंसलिंग और नियम विरुद्ध प्रतिनियुक्ति को लेकर कलेक्टर को अंतिम स्मरण पत्र सौंपा है। संगठन के संभागीय अध्यक्ष (नर्मदापुरम) एवं विधिक प्रभारी *राजेश कुमार पाण्डेय* ने बताया कि माननीय उच्च न्यायालय जबलपुर ने याचिका क्रमांक WP/35653/2026 में दिनांक 08.09.2026 को आदेश पारित कर निर्देश दिया था कि संगठन को तर्कसंगत, स्पष्ट स्थिति से अवगत कराया जाए। आदेश पारित हुए 60 दिवस से अधिक हो चुके हैं, किन्तु आज तक कोई लिखित उत्तर नहीं दिया गया है।
संगठन का आरोप है कि —–
1. शासन के नियम अनुसार BAC/CAC की प्रतिनियुक्ति अवधि मात्र 04 वर्ष है, किन्तु नर्मदापुरम जिले के सातों विकासखण्डों में 10 से 15 वर्ष से BAC/CAC कार्यरत हैं।
2. दिनांक 18.08.2026 को आयोजित काउंसलिंग में समस्त पद रिक्त माने गए थे, फिर भी पुराने BAC/CAC को न तो प्रतिनियुक्ति समाप्ति के आदेश दिए गए, न मूल विभाग में वापसी की गई, बल्कि नियम विरुद्ध वेतन भुगतान जारी है।
3. जबकि जिला मंदसौर एवं शाजापुर में इसी नियम के तहत 04 वर्ष से अधिक कार्यरत BAC/CAC को मूल विभाग में वापस किया जा चुका है। नर्मदापुरम में दोहरा मापदण्ड अपनाया जा रहा है।
संगठन ने मांग की है कि 18.08.2026 की विसंगतिपूर्ण काउंसलिंग को तत्काल निरस्त कर नये सिरे से नियमानुसार काउंसलिंग आयोजित की जाए, 04 वर्ष से अधिक कार्यरत, 52 वर्ष आयु पूर्ण एवं अर्हता न रखने वाले BAC/CAC को शीघ्र मूल विभाग में वापस किया जाए।
इस सम्बन्ध में ट्राइबल वेलफेयर टीचर्स एसोसिएशन की जिला अध्यक्ष श्रीमति सुषमा मौर्य एवं समग्र शिक्षक संघ के महासचिव जे पी शुक्ला ने भी कलेक्टर को ज्ञापन देकर 15,16 वर्षों से लगातार जमे हुए BAC और CAC को शासन के नियम अनुसार 4 वर्ष की अवधि पूर्ण होने पर मूल विभाग में वापिस करने हेतु कहा है।
संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि 07 दिवस के भीतर न्यायालय के आदेश का पालन कर लिखित पालन प्रतिवेदन नहीं दिया गया, तो संगठन माननीय उच्च न्यायालय जबलपुर में अवमानना प्रकरण दर्ज कराने हेतु बाध्य होगा।
इससे पूर्व संगठन द्वारा 12.08.2026, 20.08.2026, 10.09.2026 एवं 05.10.2026 को भी अभ्यावेदन दिए जा चुके हैं। उक्त जानकारी राजेश कुमार पाण्डेय संभागीय अध्यक्ष (नर्मदापुरम) एवं विधिक प्रभारी शासकीय शिक्षक संगठन मध्यप्रदेश द्वारा दी गईं।

