

नर्मदापुरम / नर्मदापुरम संभाग क्रिकेट एसोसिएशन के तत्वावधान में आयोजित स्वर्गीय जिनवरदास फौजदार स्मृति अंडर-15 बालक वर्ग इंटर डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट टूर्नामेंट के फाइनल मुकाबले में मेजबान नर्मदापुरम ने पहली पारी में 147 रनों की बढ़त के आधार पर बैतूल को पीछे छोड़ते हुए खिताब अपने नाम किया। एमपीसीए ग्राउंड पर खेले गए इस रोमांचक मुकाबले में नर्मदापुरम के खिलाड़ियों ने शानदार बल्लेबाजी और प्रभावशाली गेंदबाजी का प्रदर्शन कर अपनी श्रेष्ठता साबित की।
संभाग क्रिकेट एसोसिएशन के मानसेवी सचिव प्रदीप सिंह तोमर ने बताया कि प्रतियोगिता में नर्मदापुरम, बैतूल और हरदा की टीमों ने हिस्सा लिया। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों के प्रदर्शन का आकलन किया गया, जिसके आधार पर आगामी संभागीय टीम का चयन किया जाएगा।
दिव्यराज सिंह राजपूत का शानदार शतक…..
फाइनल मुकाबले में नर्मदापुरम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का निर्णय लिया। टीम ने 89.5 ओवर में 361 रन बनाए। दिव्यराज सिंह राजपूत ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 123 रनों की शतकीय पारी खेली। कृष्णा मांझी ने 42, आरुष उपाध्याय ने 36 और मुरली रघुवंशी ने 35 रनों का महत्वपूर्ण योगदान दिया। बैतूल की ओर से सक्षम महाले ने प्रभावशाली गेंदबाजी करते हुए चार विकेट हासिल किए।
नर्मदापुरम के 361 रनों के जवाब में बैतूल की पहली पारी 214 रनों पर सिमट गई। बैतूल की ओर से काव्यांश भालेकर ने 46 और रुद्राक्ष नागोरे ने 41 रन बनाए। नर्मदापुरम की ओर से मुरली रघुवंशी ने घातक गेंदबाजी करते हुए पांच विकेट झटके, जबकि दिव्यांश गालर ने चार विकेट हासिल किए। इस तरह नर्मदापुरम को पहली पारी में 147 रनों की महत्वपूर्ण बढ़त मिली।
मैच में आगे परिणाम निकलने की संभावना नहीं होने के कारण अंपायरों ने पहली पारी की बढ़त के आधार पर नर्मदापुरम को विजेता घोषित किया। शानदार शतकीय पारी खेलने वाले दिव्यराज सिंह राजपूत और पांच विकेट लेने वाले मुरली रघुवंशी को संयुक्त रूप से मैन ऑफ द मैच चुना गया। मुकाबले में अंपायर की भूमिका नितेश राजपूत एवं आदित्य राजपूत ने निभाई, जबकि कुणाल पटेल ने स्कोरर की जिम्मेदारी संभाली।
खिलाड़ियों को निरंतर अभ्यास और अनुशासन का संदेश…..
समापन समारोह के मुख्य अतिथि जिला खेल अधिकारी विकास खराड़कर ने एमपीसीए ग्राउंड की सराहना करते हुए खिलाड़ियों के प्रदर्शन की प्रशंसा की। उन्होंने खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
एमपीसीए मैनेजिंग कमेटी सदस्य अनुराग मिश्रा ने खिलाड़ियों को क्रिकेट की तकनीकी बारीकियों से अवगत कराते हुए निरंतर अभ्यास करने, अपनी कमजोरियों को पहचानने और उनमें सुधार के लिए अधिक मेहनत करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि खेल में आगे बढ़ने के लिए अनुशासन, समर्पण और निरंतर सीखने की भावना बेहद जरूरी है।
संभाग क्रिकेट संघ के पूर्व चेयरमैन रोहित फौजदार ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वर्गीय जिनवरदास फौजदार जी ने हमेशा खेल और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने का कार्य किया। उनकी स्मृति में आयोजित यह प्रतियोगिता युवा प्रतिभाओं को निखारने और उन्हें अपनी क्षमता प्रदर्शित करने का बेहतरीन मंच है। उन्होंने कहा कि हार-जीत खेल का हिस्सा है, लेकिन वास्तविक सफलता निरंतर अभ्यास, अनुशासन और समर्पण से प्राप्त होती है। उन्होंने सभी खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए सफल आयोजन के लिए आयोजकों को बधाई दी। कार्यक्रम का कुशल संचालन श्री राजेश चौरे ने किया।
ये रहे उपस्थित…..
समापन समारोह में एमपीसीए मैनेजिंग कमेटी सदस्य अनुराग मिश्रा, जिला क्रिकेट संघ अध्यक्ष राजेश चौरे, सचिव मनोहर बिलथरिया, संयुक्त सचिव सुनील कोलोसिया, सीनियर सिलेक्शन चेयरमैन संजय नाफड़े, जूनियर सिलेक्शन चेयरमैन निर्वेश फौजदार, चयनकर्ता शफीक खान, हेड कोच डॉ. सुनील शर्मा, कोच नितेश राजपूत, कोच जयेश सिंह सहित खिलाड़ियों के अभिभावक एवं अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।

