
नर्मदापुरम / राज्य स्तरीय शालेय हॉकी प्रतियोगिता में नर्मदापुरम संभाग की अंडर-17 बालक टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया। सिवनी में 3 से 7 अक्टूबर तक आयोजित SGFI स्टेट चैंपियनशिप के फाइनल मुकाबले में नर्मदापुरम ने उज्जैन को 4-3 से शिकस्त देकर स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया। U-17 वर्ग में यह नर्मदापुरम की स्टेट चैंपियनशिप की पहली स्वर्णिम उपलब्धि है।
पूरी प्रतियोगिता में नर्मदापुरम की टीम ने दमदार खेल दिखाया। पहले मुकाबले में टीम ने भोपाल को 4-3 से हराया। हालांकि दूसरे मैच में उज्जैन के खिलाफ 1-3 से हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद टीम ने शानदार वापसी करते हुए जनजाति कार्य विभाग की टीम को 2-1 और रीवा को एकतरफा मुकाबले में 6-0 से हराया।
सेमीफाइनल मुकाबला बेहद रोमांचक रहा, जहां नर्मदापुरम और ग्वालियर की टीमें निर्धारित समय में 4-4 गोल की बराबरी पर रहीं। इसके बाद पेनल्टी शूटआउट में नर्मदापुरम ने बाजी मारते हुए फाइनल में जगह बनाई।
फाइनल में एक बार फिर नर्मदापुरम और उज्जैन आमने-सामने थे। पिछले मुकाबले की हार का हिसाब चुकाते हुए नर्मदापुरम के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया और 4-3 से जीत दर्ज कर स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया।
जिला क्रीड़ा अधिकारी वंदना रघुवंशी ने बताया कि इससे पहले वर्ष 2023-24 में U-17 बालक टीम ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में रजत पदक हासिल किया था। इस बार टीम ने एक कदम आगे बढ़ते हुए स्वर्ण पदक जीतकर जिले का नाम रोशन किया है।
टीम की इस उपलब्धि पर जिला खेल अधिकारी विकास खराड़कर, जिला क्रीड़ा अधिकारी वंदना रघुवंशी, कोच जय सिंह भदौरिया व पवन कुमार तथा टीम मैनेजर योगेश कश्यप ने खिलाड़ियों को बधाई दी। वहीं विशेष सहयोगी एवं खेल प्रेमी रोहित फौजदार, डॉ. अतुल सेठा, दीप सिंह ठाकुर, महेंद्र पचलानिया, आलोक राजपूत सहित नागरिकों ने भी टीम को शुभकामनाएं दीं।

