नर्मदापुरम / सोमवार दिनांक 05/10/26 को अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) नर्मदापुरम कार्यालय परिसर में आगामी त्यौहारों, नवरात्रि व दशहरा को दृष्टिगत रखते हुए शांति समिति की बैठक का आयोजन किया गया। जिसमें डिप्टी कलेक्टर नर्मदापुरम सुश्री सीमा बडोने, एसडीओपी नर्मदापुरम जीतेन्द्र पाठक, परि. उप पुलिस अधीक्षक सुश्री पूजा लक्षकार, सीएमओ नर्मदापुरम वैभव देशमुख, थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक गौरव सिंह बुंदेला, थाना प्रभारी थाना देहात नर्मदापुरम निरीक्षक उषा मरावी, शहर के सभी धर्मो के गणमान्य नागरिक, दुर्गा प्रतिमा स्थापक, गरबा संचालक, डीजे संचालक, अन्य गणमान्य नागरिक, पत्रकार उपस्थित रहे। सभी दुर्गा प्रतिमा स्थापक, गरबा संचालक, डीजे संचालकों को अधिकारियों द्वारा मूर्ति स्थापना एवं पंडाल आयोजन के संबंध में निम्न निर्देशों का पालन करने हेतु निम्नलिखित दिशा-निर्देश दिये गये –
1.मूर्ति स्थापना एवं पंडाल हेतु आवश्यक अनुमति/स्वीकृति सक्षम प्राधिकारी से प्राप्त की जाएगी।
2.पंडाल ऐसी जगह नहीं लगाया जाएगा जिससे सड़क, फुटपाथ, यातायात अथवा आपातकालीन आवागमन बाधित हो।
3. विद्युत कनेक्शन एवं वायरिंग सुरक्षित तरीके से की जाएगी तथा खुले असुरक्षित तारों का उपयोग नहीं किया जाएगा।
4. पंडाल में अग्निशमन एवं आपातकालीन सुरक्षा की आवश्यक व्यवस्था रखी जाएगी।
5. डीजे/लाउडस्पीकर का उपयोग केवल सक्षम प्राधिकारी की अनुमति एवं निर्धारित ध्वनि/समय सीमा के अनुसार किया जाएगा।
6. अत्यधिक तेज ध्वनि, अनावश्यक बेस अथवा ऐसा कोई ध्वनि-विस्तारक प्रयोग नहीं किया जाएगा जिससे आसपास के नागरिकों को परेशानी हो।
7. अस्पताल, विद्यालय, धार्मिक/सार्वजनिक संस्थानों तथा अन्य संवेदनशील स्थानों के संबंध में लागू विशेष निर्देशों का पालन किया जाएगा ।
8.पंडाल एवं आसपास के क्षेत्र में भीड़ नियंत्रण, महिला एवं बच्चों की सुरक्षा तथा आपातकालीन निकास की समुचित व्यवस्था रखी जाएगी।
9. किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक, अश्लील, साम्प्रदायिक अथवा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधि की अनुमति नहीं होगी।
10. पुलिस/प्रशासन द्वारा दिए गए निर्देशों का तत्काल पालन किया जाएगा।
11. आयोजन के दौरान किसी अप्रिय घटना/विवाद/कानून-व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न होने पर पुलिस को तत्काल सूचित किया जाएगा।
12. उपरोक्त शर्तों अथवा सक्षम प्राधिकारी के आदेश का उल्लंघन होने पर प्रचलित कानून के अनुसार वैधानिक कार्रवाई की जा सकती है।
13. झांकी आयोजक स्थापना स्थल पर थाने से प्रदाय किया जा रहा रजिस्टर पंडाल में आवश्यक रूप से रखेंगे एंव प्रतिदिन रात्रि में पांडाल में सुरक्षार्थ सोने वाले सदस्यों क नाम एव मोबाईल नंबर रजिस्टर में अंकित करेगें।
14. प्रत्येक समिति वाले यह सुनिश्चित करेंगे कि पण्डाल के आस-पास किसी प्रकार की अवैधानिक गतिविधि न हो, यदि ऐसी कोई गतिविधि होती पायी जाती हैं तो समिति वालों का उत्तरदायित्व माना जाएगा।
15. मूर्ति स्थापना के पश्चात नियत दिनांक को कौनसा आयोजन/कार्यक्रम किया जा रहा है, कार्यक्रम की सूचना पहले से ही अवगत कराना है।
16. मूर्ति विसर्जन का कार्यक्रम 02 दिवस में किया जाना सुनिश्चित करेंगे ।
तथा नवरात्रि पर्व के दौरान डीजे साउंड सिस्टम का संचालन करते समय निम्न निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन किया जाना है-
1. डीजे/लाउडस्पीकर/साउंड सिस्टम का संचालन सक्षम प्राधिकारी की अनुमति प्राप्त करने के उपरांत ही किया जाएगा।
2. ध्वनि प्रदूषण संबंधी प्रचलित कानून, नियम, स्थानीय प्रशासन के आदेश एवं अनुमति में निर्धारित ध्वनि-सीमा तथा समय-सीमा का पूर्ण पालन किया जाएगा। रात्रि 10.00 बजे के बाद साउण्ड सिस्टम का प्रयोग न किया जावें ।
3. साउंड/वॉल्यूम निर्धारित सीमा शहरी सीमा दिन में 55 डेसीमल, रात में 45 डेसीमल से अधिक न हो तथा अत्यधिक तेज बेस/ध्वनि से आसपास के नागरिकों को परेशानी नहीं होने दी जाएगी।
4. दिसम्बर 23.09.26 को एक समाचार पत्र में प्रकाशित खबर से भी ज्ञातव्य हो कि डी.जे. का तेज साऊंड मानव जीव को किस प्रकार से सकंटापन्न करता है। समाचार पत्र की छायाप्रति सुलभ संदर्भ में संलग्न है।
5. अस्पताल, स्वास्थ्य संस्थान, विद्यालय/महाविद्यालय, न्यायालय एवं अन्य Silence Zone के संबंध में लागू विशेष प्रतिबंधों का पालन किया जाएगा।
6. अनुमति में निर्धारित समय समाप्त होने के बाद डीजे साउंड सिस्टम तत्काल बंद कर दिया जाएगा।
7. डीजे वाहन/साउंड सिस्टम को बिना अनुमति अन्य स्थान पर ले जाकर संचालित नहीं किया जाएगा।
8. अश्लील, आपत्तिजनक, धार्मिक/साम्प्रदायिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने वाले अथवा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाले गाने/शब्दों का प्रसारण नहीं किया जाएगा।
9. डीजे संचालन के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था, सड़क अवरोध अथवा यातायात बाधित होने की स्थिति उत्पन्न नहीं की जाएगी।
10. पुलिस/प्रशासन द्वारा ध्वनि कम करने अथवा डीजे बंद करने का निर्देश दिए जाने पर उसका तत्काल पालन किया जाएगा।
11. उपरोक्त निर्देशों का उल्लंघन होने पर संबंधित प्रचलित कानून/नियम एवं सक्षम प्राधिकारी के आदेश के अनुसार वैधानिक कार्रवाई की जा सकती है।
12. डी.जे. के प्रयोग में कोलाहल अधिनियम का उल्लंघन करना पाया जाने पर संबंधित के विरूध्द वैधानिक कार्यवाही की जावेगी।

