
नर्मदापुरम / इटारसी / स्कॉलोनी क्षेत्र में कमलानगर स्कूल के सामने पिछले कई दिनों से फटी पड़ी पेयजल पाइपलाइन को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता सिद्धार्थ आर्य द्वारा नगर पालिका प्रशासन का ध्यान आकर्षित कराया गया था। पाइपलाइन गंदगी के बीच से गुजर रही थी और इसके क्षतिग्रस्त होने के कारण दूषित पानी पाइपलाइन में प्रवेश करने की आशंका बनी हुई थी। इस संबंध में स्थानीय वार्डवासियों द्वारा भी लगातार शिकायतें की जा रही थीं।
मामले को गंभीरता से लेते हुए सिद्धार्थ आर्य द्वारा नगर पालिका के संबंधित अधिकारियों, वार्ड इंजीनियर सोनी, जल कार्य विभाग के इंजीनियर आदित्य पांडे सहित अन्य संबंधित अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया था। इसके बावजूद कई दिनों तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं होने पर सिद्धार्थ आर्य ने जनस्वास्थ्य के मुद्दे पर तत्काल कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में उच्च स्तर पर शिकायत एवं लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराने की चेतावनी दी थी।
इसके बाद नगर पालिका द्वारा तत्काल प्रभाव से क्षतिग्रस्त पाइपलाइन को अस्थायी रूप से ठीक करा दिया गया है। हालांकि नगर पालिका के जल कार्य विभाग द्वारा बताया गया है कि सोमवार को उक्त पाइपलाइन को पूरी तरह बदलकर स्थायी समाधान किया जाएगा।
सिद्धार्थ आर्य ने कहा कि अस्थायी रूप से समस्या का समाधान किया जाना स्वागत योग्य है, लेकिन जनस्वास्थ्य से जुड़े मामले में स्थायी समाधान भी समयसीमा के भीतर होना आवश्यक है। पेयजल की पाइपलाइन का गंदगी के बीच क्षतिग्रस्त अवस्था में रहना नागरिकों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर विषय है।
सोमवार तक स्थायी समाधान नहीं हुआ तो वार्डवासी दर्ज कराएंगे सामूहिक शिकायत….
सिद्धार्थ आर्य ने न्यासवासियों एवं वार्डवासियों से अपील करते हुए कहा कि नगर पालिका द्वारा सोमवार को पाइपलाइन बदलने की बात कही गई है। यदि सोमवार को पाइपलाइन नहीं बदली जाती है, तो सभी न्यासवासी एवं वार्डवासी एकजुट होकर नगर पालिका में अपनी शिकायत दर्ज कराएंगे तथा नियमों के तहत शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि यह किसी एक व्यक्ति की समस्या नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र के जनस्वास्थ्य से जुड़ा विषय है। यदि गंदा या दूषित पानी लोगों के घरों तक पहुंचता है तो इसका असर बच्चों, बुजुर्गों और आम नागरिकों के स्वास्थ्य पर पड़ सकता है।
सिद्धार्थ आर्य ने कहा, “हम नगर पालिका के सकारात्मक कदम का स्वागत करते हैं, लेकिन अब हमारी अपेक्षा है कि सोमवार को पाइपलाइन को स्थायी रूप से बदला जाए। जनस्वास्थ्य के मुद्दे पर हम सभी को जागरूक और एकजुट रहना होगा।”
उन्होंने क्षेत्रवासियों से अपील की कि किसी भी वार्ड में यदि पेयजल पाइपलाइन नाली के भीतर से गुजर रही हो, गंदगी के बीच हो या क्षतिग्रस्त अवस्था में हो, तो उसकी तत्काल नगर पालिका में शिकायत करें और संबंधित जनप्रतिनिधियों एवं सामाजिक संगठनों को भी इसकी जानकारी दें।
“जनस्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों पर चुप्पी नहीं, जिम्मेदारी और समाधान जरूरी है।”

