
नर्मदापुरम / शहर के समीपस्थ ग्राम निमसाड़िया में गौ माता के साथ हुए घिनौने और निंदनीय कृत्य का मामले में अब एफआईआर दर्ज हो गई है। विश्व हिंदू परिषद के पदाधिकारी नितिन मेषकर ने देहात थाने में गोवंश के साथ क्रूरता करने आवेदन दिया था। आवेदन के अवलोकन पर आरोपी लल्ला पड़िहार निवासी निमसाड़िया का कृत्य धारा 11(1) क पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की व गौवंश संवर्धन अधिनियम 1960 का प्रथम दृष्टया पाया जाने से आरोपी लल्ला के विरूद्ध अपराध धारा सदर का पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। आरोपी लाला पड़ियार की करतूत पर जहां पूरे गांव में गहरा आक्रोश था। वहीं अब इस पूरे घटनाक्रम में लोहे का कारोबार करने वाले व्यापारी की संदिग्ध भूमिका पर भी सवाल खड़े हुए थे।
बताया जाता है कारखाने के सीसीटीवी में कैद घटना हुई थी। जानकारी मिलने के बाद व्यापारी ने आरोपी के साथ मारपीट की और उसके परिजनों को बुलवाया था लेकिन इतने गंभीर व संवेदनशील अपराध की सूचना तत्काल पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को नहीं दी थी। ग्रामीणों का कहना है कि जब कारखाने में इतना बड़ा कुकृत्य हुआ और सीसीटीवी के रूप में ठोस साक्ष्य मौजूद थे, तो व्यापारी ने इसे पुलिस से क्यों छुपाया था । गौरतलब है कि पंचायत ने आरोपी लाला पड़ियार को गांव से निष्कासित कर दिया गया था ।

