

नर्मदापुरम / द चैम्प्स फन स्कूल में आज पीए-I परिणाम एवं अभिभावक-शिक्षक बैठक का आयोजन उत्साहपूर्ण एवं सकारात्मक वातावरण में किया गया। इस अवसर पर विद्यार्थियों के अभिभावकों को उनके बच्चों के प्रथम मूल्यांकन के परिणामों एवं शैक्षणिक प्रगति से अवगत कराया गया। शिक्षकों ने अभिभावकों के साथ विद्यार्थियों के शैक्षणिक प्रदर्शन, कक्षा में सहभागिता, व्यवहार एवं समग्र विकास को लेकर सार्थक चर्चा की तथा बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए आवश्यक सुझाव साझा किए।
अभिभावक-शिक्षक बैठक के साथ ही राखी मेकिंग वर्कशॉप का विशेष आयोजन किया गया। रक्षाबंधन के पावन पर्व को ध्यान में रखते हुए आयोजित इस कार्यशाला में विद्यार्थियों ने अपने अभिभावकों के साथ मिलकर सुंदर एवं आकर्षक हस्तनिर्मित राखियाँ तैयार कीं।
कार्यशाला में बच्चों और अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी की । बच्चों ने अपने माता-पिता के साथ मिलकर राखियाँ बनाने का भरपूर आनंद लिया। अभिभावकों ने भी बच्चों की रचनात्मकता को प्रोत्साहित करते हुए उन्हें राखी बनाने में सहयोग किया और स्वयं भी उत्साहपूर्वक राखियाँ तैयार कीं। इस दौरान विद्यालय में बच्चों एवं अभिभावकों के बीच सीखने, सृजन करने और खुशियाँ साझा करने का सुंदर वातावरण देखने को मिला।
रंग-बिरंगी सजावटी सामग्री, मोतियों, रिबन एवं अन्य क्राफ्ट सामग्री का उपयोग करते हुए बच्चों और अभिभावकों ने अपनी कल्पनाशक्ति, रचनात्मक सोच और कलात्मक प्रतिभा का मनमोहक प्रदर्शन किया। बच्चों के लिए यह गतिविधि केवल राखी बनाने तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसके माध्यम से उन्होंने अपने अभिभावकों के साथ मिलकर कुछ नया सीखने और बनाने का आनंद लिया। वहीं अभिभावकों को भी अपने बच्चों के साथ रचनात्मक गतिविधि में शामिल होकर उनके हुनर को करीब से देखने और प्रोत्साहित करने का अवसर मिला।
राखियों में झलकी वीर सैनिकों के प्रति कृतज्ञता….
कार्यशाला का एक विशेष उद्देश्य विद्यार्थियों को “Rakhi for Soldiers” पहल से जोड़ना भी रहा। विद्यार्थियों को देश की सीमाओं पर तैनात वीर सैनिकों के प्रति प्रेम, सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने के लिए अपने हाथों से राखियाँ तैयार करने हेतु प्रेरित किया गया।
विद्यालय ने बच्चों को यह संदेश दिया कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के प्रेम का पर्व ही नहीं, बल्कि उन वीर जवानों के प्रति आभार व्यक्त करने का अवसर भी है, जो देश की सुरक्षा के लिए सदैव समर्पित रहते हैं। बच्चों द्वारा तैयार की गई राखियों में स्नेह के साथ-साथ देशभक्ति, सम्मान और कृतज्ञता की भावना भी स्पष्ट रूप से दिखाई दी।
परिणामों की खुशी के साथ रचनात्मकता का उत्सव….
प्राचार्य डॉ. आशीष चटर्जी ने बताया कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है। बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए उनमें रचनात्मकता, आत्मविश्वास, संवेदनशीलता, सहयोग, संस्कार और सामाजिक जिम्मेदारी जैसे मूल्यों का विकास भी आवश्यक है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए विद्यालय द्वारा समय-समय पर ऐसी गतिविधियों का आयोजन किया जाता है, जो बच्चों को सीखने के साथ-साथ अपनी प्रतिभा को निखारने का अवसर प्रदान करती हैं और साथ भारतीय संस्कृति से परिचित कराती है।
अपने हाथों से बनाई गई राखियों को देखकर बच्चों के चेहरों पर उत्साह और खुशी साफ दिखाई दे रही थी। अभिभावकों ने भी बच्चों के साथ राखियाँ बनाईं, उन्हें सजाने में मदद की और पूरी गतिविधि का आनंद लिया। इस सहभागिता ने अभिभावकों और बच्चों के बीच स्नेह, सहयोग एवं जुड़ाव को और मजबूत किया।
इस विशेष वर्कशॉप आयोजन की प्रभारी श्रीमती नेहा राठौर एवं सुश्री अक्षिता दीवान थी। कार्यक्रम प्रभारियों ने विद्यार्थियों एवं अभिभावकों को राखी बनाने की प्रक्रिया में आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया तथा बच्चों को स्वतंत्र रूप से अपनी कल्पनाशक्ति एवं रचनात्मक विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के समस्त शिक्षकों एवं स्टाफ का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। अभिभावक-शिक्षक बैठक और रचनात्मक कार्यशाला के इस सुंदर संगम ने आज के आयोजन को विद्यार्थियों, अभिभावकों और विद्यालय परिवार के लिए एक सार्थक, आनंदमय एवं यादगार अनुभव बना दिया।
द चैम्प्स फन स्कूल विद्यार्थियों के शैक्षणिक विकास के साथ-साथ उनके रचनात्मक, सामाजिक, भावनात्मक एवं नैतिक विकास को भी निरंतर प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

