


नर्मदापुरम / सावन मास के प्रथम सोमवार पर नर्मदापुरम के विश्व प्रसिद्ध सेठानी घाट पर आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। हर-हर महादेव और बोल बम के गगनभेदी जयकारों के बीच हजारों श्रद्धालुओं ने मां नर्मदा का पवित्र जल अपनी कांवड़ में भरकर पचमढ़ी स्थित प्रसिद्ध श्री जटाशंकर महादेव के लिए पैदल यात्रा प्रारंभ की। पूरे सेठानी घाट का वातावरण शिवमय हो गया और श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था।
श्री जटाशंकर कांवड़ यात्रा समिति के मीडिया प्रभारी राजेंद्र मालवीय ने बताया कि समिति की यह कांवड़ यात्रा अपने 24वें वर्ष में प्रवेश कर चुकी है। समिति की अध्यक्ष सुश्री राजो मालवीय के नेतृत्व में प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी सावन के प्रथम सोमवार को विश्व प्रसिद्ध सेठानी घाट से मां नर्मदा का पूजन-अर्चन एवं जलाभिषेक कर कांवड़ यात्रा का शुभारंभ किया गया।
यात्रा प्रारंभ होने से पहले श्रद्धालुओं ने मां नर्मदा की विधिवत पूजा-अर्चना की और जल भरकर अपने कंधों पर कांवड़ धारण की। इसके बाद “बोल बम”, “हर-हर महादेव” और “जय श्री जटाशंकर महादेव” के जयघोष के साथ हजारों कांवड़िए पचमढ़ी के लिए रवाना हुए। यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखने को मिला और जगह-जगह श्रद्धालुओं का स्वागत भी किया गया।
समिति के अनुसार कांवड़िए पैदल यात्रा करते हुए पचमढ़ी पहुंचेंगे, जहां भगवान श्री जटाशंकर महादेव का मां नर्मदा के पवित्र जल से जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि, प्रदेश की खुशहाली और विश्व कल्याण की कामना करेंगे।
इस अवसर पर श्री जटाशंकर कांवड़ यात्रा समिति के पंडित दिनेश तिवारी, गोविंद दुबे, गजेंद्र मालवीय, गोवर्धन यादव, हंसराय, मुकेश नागर, साईं राम सोनी, उमा मालवीय, कन्हैयालाल यदुवंशी, पिंटू ठाकुर सहित समिति के अनेक पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। पूरे आयोजन में भक्ति, आस्था और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला।

