
नर्मदापुरम / अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत जिला नर्मदापुरम के प्रतिनिधि मंडल द्वारा अतिरिक्त कलेक्टर श्री शुक्ला को जिले में बिक रही अमानक एवं मिलावटी खाद्य सामग्री पर कठोर कार्यवाही हेतु ज्ञापन सौंपा। अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत नर्मदापुरम इकाई द्वारा मिलावट से मुक्ति अभियान के तहत नर्मदापुरम शहर एवं जिले में हो रही मिलावट के विरुद्ध सख्त से सख्त कार्रवाई करने के संबंध में जिला कलेक्टर की अनुपस्थिति में अतिरिक्त कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा और बताया कि अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत संगठन प्रशासन का ध्यान नर्मदापुरम जिला में खाद्य पदार्थों में हो रही मिलावट की ओर आकर्षित करना चाहता है। अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत संगठन के जिला अध्यक्ष माधव हर्णे ने बताया कि जिले में मिलावट चरम सीमा पर है तथा अमानक खाद्य पदार्थ सामग्री सरेआम बाजार में बेची जा रही है जहां 1 लीटर दूध की कीमत 90 से 100 रुपये प्रति लीटर है वही दूसरी ओर घी की कीमत 400 से 550 रूपये प्रति किलो ग्राम एवं पनीर 150 रूपये प्रति किलो ग्राम बिक रहा है जो कि मिलावट की ओर संकेत देता है। उन्होंने बताया कि बाजार में अमानक खाद्य तेल एवं अन्य खाद्य पदार्थों का विक्रय धड़ल्ले से हो रहा है, जिस पर अकुंश लगाना अत्यंत आवश्यक है।
एक ओर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा “मिलावट से मुक्ति अभियान” चलाया जा रहा है जबकि दूसरी ओर जिले में मिलावटी दूध, दही, पनीर, घी, तेल, मसाले इत्यादि वस्तुओं का विक्रय धड़ल्ले से किया जा रहा है।
संगठन मांग करता है कि…
नर्मदापुरम जिले में रासायनिक प्रक्रिया से पकाए गए फलों का सार्वजनिक रूप से विक्रय किया जा रहा है जिसका दुष्प्रभाव मानव शरीर पर अत्यंत हानिकारक हो रहा है। शहर में बिकने वाले दूध, मावा, पनीर, घी, मसाले, तेल, पनीर, मिठाई, मसाले इत्यादि खाद्य पदार्थों की नियमित सघन जांच हो तथा ग्राहक को गुणवत्ता पूर्ण सामग्री मिले। अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत ये मांग करता है कि जिला प्रशासन एक जांच केंद्र ग्राहक हित में स्थापित करें। त्यौहारों एवं शादी समारोह के सीजन में सघन जांच कर मिलावटखोरों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियो द्वारा नियमित रूप से बाजार से नमूने लिए जाए और मिलावटखोरों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही कर उसका दैनिक समाचार पत्रों में न्यूज लगवाई जाए ताकि अन्य मिलावटखोरों में भय व्याप्त हो।
जिले में आमजन के लिए खाद्य पदार्थों से संबंधित शिकायत हेतु हेल्प लाइन नंबर जारी किया जाए।
तथा की गई कार्यवाही एवं जांच की जानकारी समय समय पर सार्वजनिक की जाए जिससे आम नागरिकों में विश्वास बढ़े एवं मिलावटखोरों पर प्रभावी अकुंश लगाया जा सके।
ज्ञापन सौंपते समय प्रमुख रूप से नर्मदापुरम के अध्यक्ष माधव हर्णे, सचिव अजय वर्मा, सह सचिव अजय निगम, वरिष्ठ अधिवक्ता भूपेंद्र वर्मा एवं शेखर पाल तथा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

