नर्मदापुरम / महाविद्यालय में प्राचार्य डॉ. कल्पना भारद्वाज के मार्गदर्शन में तथा विभागाध्यक्ष शिवाकांत मौर्य एवं मूट कोर्ट प्रभारी राजदीप सिंह तथा भदौरिया डा. महेंद्र सिंह पटेल के संयोजन में एलएल.बी. तृतीय वर्ष के विद्यार्थियों द्वारा पुलिस अभिरक्षा में मृत्यु पर आधारित एक प्रभावशाली मॉक ट्रायल का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को न्यायालयीन प्रक्रिया, साक्ष्य परीक्षण तथा आपराधिक न्याय प्रणाली की व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना था। मॉक ट्रायल में न्यायाधीश की भूमिका हितेश चौरे ने निभाई, जबकि सूत्रधार के रूप में बुलबुल मित्रा ने संपूर्ण कार्यवाही का संचालन किया। अभियोजन अधिकारी की भूमिका कविता राजपूत तथा बचाव पक्ष के अधिवक्ता की भूमिका अनमोल दुबे ने प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत की। विद्यार्थियों ने न्यायालयीन वातावरण का जीवंत प्रदर्शन करते हुए पुलिस अभिरक्षा में मृत्यु जैसे संवेदनशील विषय के विभिन्न विधिक पहलुओं को तर्कपूर्ण ढंग से प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में अन्य विद्यार्थियों कोमल बाथरे, हितेश चौरे, राजेश चौरे, ख़ुशी दिहारी, गुनगुन चावरे, प्रवीण यादव, जुगल किशोर, सलोनी दुबे, संजय खरे, सचिन खरे, साहिल तिलोतिया, अरुण यादव ने गवाह, पुलिस अधिकारी, न्यायालय कर्मचारी एवं पक्षकारों की भूमिका निभाते हुए सक्रिय सहभागिता की। महाविद्यालय परिवार ने विद्यार्थियों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए इसे व्यावहारिक विधि शिक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।

