
नर्मदापुरम / नगर पालिका परिषद नर्मदापुरम के वार्ड क्रमांक 12 और 13 में हाल ही में निर्मित सीसी रोड भ्रष्टाचार और लापरवाही की भेंट चढ़ती नजर आ रही है। कालिका नगर क्षेत्र में डॉ. मीना, संग्राम सिंह तोमर, के. के. शर्मा, अशोक गौर और राजेश्वरी प्रसाद मिश्रा के घर से लेकर शंकर मंदिर और पन्ना लाल त्रिपाठी (रिटायर्ड टीआई) के घर के पास तक बनी यह सड़क पूरी तरह जर्जर होने लगी है। अनाड़ी मजदूरों से काम कराने और नकली सीमेंट के उपयोग का आरोप मोहल्ला निवासियों का आरोप है कि ठेकेदार धर्मेंद्र जाट द्वारा सड़क निर्माण में भारी अनियमितताएं बरती गई हैं। सड़क बनाने में कथित तौर पर नकली सीमेंट का उपयोग किया गया और काम पूरी तरह ‘अनाड़ी’ मजदूरों से कराया गया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, ठेकेदार ने केवल ‘लीपापोती’ कर काम को पूरा दिखाया है, जबकि धरातल पर सड़क की गुणवत्ता अत्यंत निम्न स्तर की है। पार्षद की शिकायत और सीएमओ का निरीक्षण बेअसर वार्ड क्रमांक 12 की पार्षद श्रीमती पूजा अर्पित मालवीय ने भी इस संबंध में मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO) को लिखित शिकायत सौंपी है। पार्षद ने पत्र में स्पष्ट किया है कि एसबीआई एटीएम से आईटीआई रोड नाले तक बनी सड़क की गुणवत्ता खराब है और उन्होंने स्वयं इसका निरीक्षण किया है। शिकायत के बाद सीएमओ ने ठेकेदार के साथ मौके का मुआयना किया और शोल्डर भरने व मरम्मत के निर्देश दिए थे, लेकिन अब तक धरातल पर कोई सुधार कार्य शुरू नहीं हुआ है। आमजन का निकलना हुआ दूभर सड़क की बदहाली और अधूरे शोल्डर (सड़क के किनारे) की वजह से आए दिन बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे गिरकर घायल हो रहे हैं। वार्डवासियों का कहना है कि वे नगर पालिका अध्यक्ष और अधिकारियों से कई बार गुहार लगा चुके हैं, लेकिन उनकी समस्या को अनसुना किया जा रहा है। उग्र आंदोलन और चक्काजाम की चेतावनी मोहल्ले वासियों ने प्रशासन को दो टूक चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही सड़क, नाली और शोल्डर भरने का कार्य गुणवत्तापूर्ण तरीके से पुन शुरू नहीं किया गया, तो वे मुख्य मार्ग पर चक्काजाम और उग्र धरना प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होंगे। निवासियों ने कहा कि भविष्य में होने वाली किसी भी अप्रिय घटना या जन-आक्रोश की जिम्मेदारी नगरपालिका प्रशासन और संबंधित अधिकारियों की होगी।

