
नर्मदापुरम / संस्कारधानी नर्मदापुरम के ऐतिहासिक कोरीघाट पर स्थित 100 वर्ष पुराने प्राचीन मंदिर में आगामी 23 अप्रैल को आस्था का सैलाब उमड़ने वाला है। कायस्थ समाज के आराध्य देव, भगवान श्री चित्रगुप्त जी के प्रकटोत्सव को इस वर्ष ‘नारी शक्ति’ के नेतृत्व में एक भव्य स्वरूप दिया जा रहा है। संभाग के इस एकमात्र और प्राचीन सिद्ध पीठ पर होने वाला यह आयोजन अपनी भव्यता और सामाजिक एकता के लिए चर्चा का विषय बना हुआ है।
मातृशक्ति का शंखनाद: दोपहर 4 बजे से भव्य महारैली….
इस वर्ष के प्रकटोत्सव की सबसे बड़ी विशेषता मातृशक्ति का नेतृत्व है। आयोजन समिति की सदस्य मंजू वर्मा, ज्योति वर्मा, सुमन वर्मा और प्रीति खरे की देखरेख में पूरा उत्सव संचालित हो रहा है। 23 अप्रैल की दोपहर 4:00 बजे से भव्य शोभायात्रा (महारैली) निकाली जाएगी, जो शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए समाज की एकजुटता का परिचय देगी।
सत्ता और संगठन के दिग्गजों की उपस्थिति……
भगवान चित्रगुप्त के इस पावन जन्मोत्सव पर क्षेत्र के प्रमुख राजनेता और जनप्रतिनिधि भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे। आशीर्वाद लेने पहुँचने वाले मुख्य अतिथियों में शामिल हैं….
डॉ. सीता शरण शर्मा (विधायक एवं पूर्व विधानसभा अध्यक्ष),
दर्शन सिंह चौधरी (सांसद),
श्रीमती माया नारोलिया (सांसद एवं प्रदेश अध्यक्ष, महिला मोर्चा)
श्रीमती नीतू यादव (नगरपालिका अध्यक्ष)।
भक्ति और परंपरा का अनूठा संगम……
प्राचीनता 100 वर्षों से अधिक पुराने इस मंदिर की मान्यता है कि यहाँ की गई आराधना कभी खाली नहीं जाती।
कार्यक्रम प्रात काल विधि-विधान से विशेष पूजन-अर्चन और दीप प्रज्ज्वलन के साथ उत्सव का श्रीगणेश होगा।
प्रसाद महाआरती के उपरांत विशाल भंडारे और विशेष प्रसाद का वितरण किया जाएगा।
कायस्थ समाज की अपील आयोजक मंडल और समस्त चित्रांश बंधुओं ने जिले के सभी श्रद्धालुओं से आग्रह किया है कि 23 अप्रैल को होने वाले इस गौरवशाली आयोजन में सपरिवार सम्मिलित होकर धर्म लाभ प्राप्त करें।

