



नर्मदापुरम / विगत दिवस SDO फारेस्ट अनिल मिश्रा के विरुद्ध आवेदकगण रामचरण चौहान निवासी ग्राम भोबदा रैयत एवं डोरीलाल लविष्कार निवासी चिंचवानी ने केसला थाना में आवेदन दिया कि….
दिनांक 31/3/26 (मंगलवार) “पहला दिन” (24 Hrs) बोहरा नाके में बुलाया वहाँ नाम पूछा और बोलते हुए लेकर गये डोरिलाल तेरी डोरी लंबी करता हूँ। वहाँ से जबरन SDO अनिल विश्वकर्मा ने उठाकर बानापुरा रेंज ऑफिस लेकर गए, मैने कहा भी कि सर घर में बता देते हैं, घर वाले परेशान होंगे। लेकिन मेरी कोई बात नहीं सुनी, वहां ले जाकर पूछना शुरू किया कि कितना ट्राली लकड़ी बेचा? में इनकार किया तो अभद्र बहन की गाली दी और बोले गोंड कोरकू लोग तुम लोग ऐसा काम करते हो।
ऐसा गंदी गंदी गाली देते देते मारा और करंट लगाया देते हुए मारना शुरू कर दिया। एसडीओ अनिल विश्वकर्मा के साथ और भी उनके साथी थे। किसी ने मेरा हाथ पकड़ा और किसी ने मेरा पैर पकड़ा और गाली देते हुए मुझे मारना शुरू कर दिया और जबरन लकड़ी बेचना कबूल करने के लिए दबाव बनाया जब मैं नहीं माना तो रात भर मारते रहे।
1/4/2026 (बुधवार) “दूसरा दिन” (48 hrs)…..
दूसरे दिन भी दिन भर और रात भर गाली देते हुए मरते रहे करंट लगाया टॉर्चर किया और जबरन हां भरवाया लेकिन मैं जब बात नहीं माना तो SDO अनिल विश्वकर्मा लकड़ी से मारते रहा।
2/4/26 (गुरुवार) “तीसरा दिन” (72 hrs)….
जब मुझे कोई आस नजर नहीं आया, तो जबरन एसडीओ की बात में हां में हां मिला दिया और तीन कोरे पेज में साइन किया फिर 6:00 बजे कोर्ट में पेश किया वहाँ से रिहा कर दिया।
अतः SDO अनिल विश्वकर्मा एवं उनके साथियों के खिलाफ ST – SC एक्ट, मारपीट, गाली गलौच, अभद्र व्यवहार एवं थर्ड डिग्री टॉर्चर देने की धाराओं पर रिपोर्ट दर्ज करने का कष्ट करे।
उक्त पत्र की प्रतिलिपि….
1. पुलिस अधीक्षक, ज़िला नर्मदापुरम।
2. प्रदेश संयोजक, हमारा गाँव संगठन मध्यप्रदेश को भी दी है।
हमारा गांव संगठन के प्रदेश संयोजक दुर्गेश धुर्वे ने बताया कि पुलिस द्वारा शनिवार सुबह MLC की कार्रवाई कराई गई, जिसकी वजह से हम आज पुलिस अधीक्षक से मिलने नहीं जा पाए। पुलिस अधीक्षक से इन दोनों पर लगे प्रकरण को खत्म करने के लिए हमारा संगठन उनसे मिलेगा।

