नर्मदापुरम / शासकीय गृहविज्ञान स्नातकोत्तर अग्रणी महाविद्यालय में प्राचार्य डॉ. श्रीमती कामिनी जैन के मार्गदर्शन में भारतीय ज्ञान परंपरा एवं राष्ट्रीय सेवा योजना के संयुक्त तत्वावधान में साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को साइबर अपराधों से बचाव तथा डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक करना था। प्राचार्य डॉ. श्रीमती कामिनी जैन ने अपने उद्बोधन में कहा कि डिजिटल युग में साइबर सुरक्षा की जानकारी अत्यंत आवश्यक है। यदि विद्यार्थी जागरूक और सावधान रहेंगे तो वे स्वयं को और समाज को साइबर अपराधों से सुरक्षित रख सकते हैं। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता अंश राजपूत ने विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। उन्होंने बताया कि आज के समय में ऑनलाइन फ्रॉड, फेक लिंक, ओ.टी.पी. स्कैम और सोशल मीडिया हैकिंग जैसी घटनाएँ तेजी से बढ़ रही हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को सलाह दी कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें, अपना ओ.टी.पी., पासवर्ड या बैंक से जुड़ी जानकारी किसी के साथ साझा न करें और मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें। साथ ही मोबाइल और सोशल मीडिया अकाउंट में टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का उपयोग करने तथा संदिग्ध कॉल या मैसेज से सतर्क रहने की भी सलाह दी। कार्यक्रम में संयोजक डॉ आर.के. चौकीकर एवं वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. संगीता अहिरवार समिति के सदस्य डॉ. दुर्गेश तेली, डॉ. चंद्रशेखर राज, डॉ. कंचन ठाकुर डॉ. श्रुति गोखले एवं डॉ. रागिनी सिकरवार, डॉ. नारायण उपरेलिया उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन पूजा गोस्वामी द्वारा किया गया तथा आभार डॉ. चंद्रशेखर राज द्वारा किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में छात्राएँ उपस्थित रहीं।

