

नर्मदापुरम / नगर के हृदय स्थल ‘सतरास्ता’ क्षेत्र में सरकारी जमीन पर अवैध अतिक्रमण और धांधली का एक गंभीर मामला सामने आया है। स्थानीय निवासी अमित खत्री ने प्रेस वार्ता कर बताया कि जिला कलेक्टर को एक शिकायती पत्र सौंपकर पूर्व मंडल अध्यक्ष और भाजपा नेता राजकुमार चौकसे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत में कहा गया है कि राजनीतिक रसूख का इस्तेमाल कर सरकारी पट्टे की आड़ में हजारों वर्ग फुट नजूल भूमि पर अवैध कब्जा किया गया है।
510 वर्ग फुट का पट्टा, कब्जा 2000 वर्ग फुट पर…..
शिकायतकर्ता के अनुसार, भाजपा नेता के पिता स्वर्गीय रतनलाल चौकसे को होटल व्यवसाय के लिए नजूल शीट नंबर 43, प्लॉट नंबर 16 पर मात्र 510 वर्ग फुट का पट्टा आवंटित किया गया था। आरोप है कि वर्तमान में इस स्थान पर नियमों को ताक पर रखकर लगभग 2000 वर्ग फुट से अधिक की भूमि पर होटल, दुकान और मेडिकल स्टोर का संचालन किया जा रहा है।
नाले के अस्तित्व पर संकट, शहर में जलभराव की स्थिति…..
पत्र में उल्लेख किया गया है कि उक्त दुकान के पास से गुजरने वाले वर्षों पुराने नाले पर भी पक्का अतिक्रमण कर लिया गया है। नाले का स्वरूप बदलने के कारण बारिश के दिनों में सतरास्ता के मुख्य मार्गों पर भारी जलभराव हो जाता है, जिससे आम जनता को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा, सड़क सीमा तक किए गए निर्माण के कारण त्योहारों और सामान्य दिनों में यातायात बुरी तरह बाधित रहता है।
दस्तावेजों में हेराफेरी का अंदेशा…..
शिकायत में यह भी बताया गया है कि नजूल अधिकारी के पुराने निर्देशों (वर्ष 1992-93) के अनुसार, निर्माण कार्य सड़क से 20 फुट की दूरी पर होना चाहिए था, जिसका पालन नहीं किया गया। साथ ही, शीट नंबर 45 की जगह शीट नंबर 43 पर पट्टा आवंटित करने की प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए गए हैं। आरोप है कि लोक निर्माण विभाग (PWD) की सड़क वाली भूमि, जो कि रिकॉर्ड में दर्ज है, उस पर भी गलत तरीके से अनापत्ति (NOC) प्राप्त करने की कोशिश की गई है। अमित खत्री ने कमिश्नर को भी इस संबंध में आवेदन दिया है। औषधि निरीक्षक को भी एक आवेदन दिया है, जिसमें उन्होंने मनोज कुमार चौकसे द्वारा डी फार्मा करने एवं उसके आधार पर फार्मासिस्ट रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट प्रमाण पत्र कैसे प्राप्त किया है उसकी भी शिकायत की है एवं मुख्य नगर पालिका अधिकारी को भी एक आवेदन दिया है जिसमें उन्होंने प्राइवेट बस स्टैंड स्थित नगर पालिका की दुकान में अवैध रूप से दीवार तोड़कर गेट निकाल कर पीछे नाले पर पक्का अवैध अतिक्रमण किया है। अब देखना होगा कि में शिकायत में कितनी सच्चाई है और प्रशासन क्या कार्रवाई करेगा। सातरास्ते पर होटल के बाजू हीरो होंडा चौक तरफ नगर पालिका के टप के बाजू कुछ टप रखे गए हैं जो नगर पालिका के नहीं हैं, जिसमें नर्मदा क्लिनिक का बोर्ड लगाकर लोगों का इलाज किया जा रहा है और डॉक्टर के बोर्ड भी लगे हैं, इलाज कौन कर रहा है यह भी देखना होगा। अमित खत्री ने बताया कि मैंने नगर पालिका से जिस गली में अस्थाई सीढ़ी के लिए लिए 2 फीट परमिशन के लिए आवेदन दिया था, वहां कोई आवागमन भी ज्यादा नहीं होता जिससे किसी को आने-जाने में दिक्कत हो।
जांच और वसूली की मांग…..
शिकायतकर्ता अमित खत्री ने कलेक्टर से मांग की है कि:….
* पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर अवैध अतिक्रमण को तत्काल हटाया जाए।
* पट्टे की शर्तों के उल्लंघन पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
* शासन और राजस्व को हुए नुकसान की वसूली संबंधित पक्ष से की जाए।
इस पत्र की प्रतियां एसडीएम (राजस्व), नजूल अधिकारी और मुख्य नगरपालिका अधिकारी को भी आवश्यक कार्रवाई हेतु भेजी गई हैं।
इनका कहना……
आपके द्वारा मामला संज्ञान में आया है जांच की जाएगी। सरिता मालवीय, तहसीलदार नर्मदापुरम।

