
सिवनी मालवा / नकुल मालवीय / रविवार को क्षेत्रीय सांसद दर्शन सिंह चौधरी सिवानी मालवा के दौरे पर थे। सांसद दर्शन सिंह को स्थानीय रेस्ट हाउस में पत्रकार संघ और जनप्रतिनिधियों ने मुलाकात कर बानापुरा रेलवे स्टेशन पर रेलों के ठहराव को लेकर ज्ञापन सौंपा। इस दौरान क्षेत्रीय विधायक प्रेमशंकर वर्मा, नपाध्यक्ष रितेश जैन, भाजपा नेता संतोष पारीक भी मौजूद रहें।
25 वर्षो से नहीं हुआ कोई रेल का ठहराव….
सिवनी मालवा के बानापुरा रेलवे स्टेशन पर विगत 25 वर्षों से अधिक समय से रेलों का ठहराव नहीं हुआ है । क्षेत्रवासी रेल सुविधा से वंचित है। ज्ञापन के माध्यम से पत्रकारों और जनता ने मांग की हैं कि बानापुरा रेल्वे स्टेशन पर विगत 25 वर्षों से कोई भी नई रेल ठहराव नहीं किया गया। जिससे क्षेत्र के लोगो को रेल की सुविधा नहीं मिल पा रही हैं। दूर दराज महानगरों में शिक्षा ग्रहण और नोकरी कर रहे सैकड़ों बच्चों को सिवनी मालवा आने जाने में बहुत परेशानी होती हैं। पत्रकार संघ ने कहा कि बानापुरा रेल्वे स्टेशन पर रेल ठहराव नहीं होने से क्षेत्रवासियों को भोपाल, नागपुर, जबलपुर, दिल्ली, पूना, मुंबई, राजस्थान, आंध्रप्रदेश जाने के लिए सीधे कोई रेल नहीं होने से काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता हैं।
भारी मतों से भाजपा को जिताकर क्या जनता ने गलती की….
आमजनों का कहना हैं कि 3 दशक से क्षेत्र कि जनता विभिन्न संस्थाओं, निकायों, जनपद, मंडी में भारी मतों से भारतीय जनता पार्टी को जिताती आ रहीं हैं। जब केंद्र में भाजपा की सरकार नहीं थी, तब भाजपा सांसद कहते थे केंद्र में विपक्ष की सरकार हैं लेकिन अब विगत 13 वर्षों से केंद्र औऱ राज्य में भाजपा की सरकार बैठी हुई हैं। इसके बाद भी आज तक कोई नई रेल का ठहराव बानापुरा में नही किया गया। जबकि समय-समय पर विभिन्न संगठनों द्वारा रेल ठहराव की मांग की जाती रही हैं लेकिन परिणाम सिफर हैं।
कोरोना में बंद की गाड़ी शुरू करने की मांग….
सन 2019 में भुसावल – नागपुर रेल का ठहराव बानापुरा में किया गया था। जिससे लोग नागपुर इलाज कराने जाते थे लेकिन कोरोना काल में सन 2020 में उसे बंद लर दिया गया। जिसके बाद आज तक उसे शुरू नहीं किया गया। जिसे फिर शुरू करने की मांग 4 सांसद और जनता लंबे समय से कर रहें हैं लेकिन रेल मंत्री और सरकार इस ओर ध्यान नही हैं। जबकि गंभीर बीमारियों के मरीज उक्त गाड़ी से नागपुर, जलगांव, भुसावल जाते थे। अब गरीबजन बहुत परेशान होकर अत्यधिक पैसा लगाकर जैसे तैसे गंतव्य पर जाते हैं।
दांत थे तो चने ना थे, चने हुए तो दांत नहीं वाली कहावत चरितार्थ….
वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बानापुरा को अमृत भारत रेलवे स्टेशन में शामिल किया हैं। जिसको लगभग 20 करोड़ रूपए लगाकर बनाया जा रहा हैं लेकिन यहां पर रेल ठहराव नहीं होने से क्षेत्रवासी रेल सुविधा से वंचित हैं। क्षेत्रवासियों का कहना हैं कि यहा तो ये पंक्तियां चरितार्थ होती हैं कि दांत थे तो चने ना थे, चने हुए तो दांत नहीं। लोगों का कहना हैं कि प्रदेश और केंद्र में अब सरकार भाजपा की डबल इंजन की सरकार हैं। इसलिए अब बानापुरा में रेल ठहराब होना ही चाहिए। इसमें कोई बहाना बाजी नहीं होती चाहिए। क्योंकि जनता भी क्षेत्र से भाजपा को भरपूर समर्थन देकर चुन रहीं हैं।
सांसद ने दिया गोलमोल जवाब, जनता करेगी आंदोलन शंखनाद….
क्षेत्र की जनता की मांग और समर्थन से पत्रकार संघ सिवनी मालवा के बैनर तले जनता की वर्षों पुरानी रेल ठहराव की मांग को लेकर जब क्षेत्रीय सांसद दर्शन सिंह चौधरी को ज्ञापन दिया गया तो उन्होंने कहा कि हम बानापुरा में रेल रुकवाने के लिए प्रयासरत हैं। आपका ज्ञापन मिल गया था। जिसके आधार पर हमने रेल मंत्रालय को लिखा हैं लेकिन कब तक रेल रुकेगी, इसका कोई स्पष्टीकरण नही दिया। इस दौरान वे गोलमोल जवाब देते हुए अन्य बाते बताने लगे। सांसद के जवाब से जनता सन्तुष्ट नहीं हुई। इसलिए 2 अक्टूबर 2026 गांधी जंयती से निर्धारित आंदोलन का शंखनाद गांधी प्रतिमा के सामने धरने से शुरू किया जाने का निर्णय सर्व सम्मति से लिया गया हैं। जिसमें महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने मौन धरना, काली पट्टी बांध कर विरोध प्रदर्शन करेंगे। इसके बाद कमब्रद्ध आंदोलन जारी रहेगा।

