
नर्मदापुरम / इटारसी / विशेष पुलिस महानिदेशक रेल भोपाल राजाबाबू सिंह (भापुसे) के द्वारा चलाये जा रहे “ऑपरेशन हमदर्द” अभियान के दौरान पुलिस अधीक्षक अंकित जायसवाल (भापुसे) के कुशल मार्गदर्शन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रेल भोपाल श्रीमति नीतू सिंह डावर एवं उप पुलिस अधीक्षक रेल इटारसी महेंद्र सिंह कुल्हारा के निर्देशन में जीआरपी इटारसी थाना प्रभारी संजय चौकसे के नेतृत्व में रेल्वे स्टेशनों पर असहाय, भटके और गुमशुदा बुजुर्गों की मदद के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन हमदर्द’ के तहत जीआरपी इटारसी पुलिस को एक बेहद संवेदनशील मामले में बड़ी सफलता प्राप्त हुई है। पुलिस टीम ने सूझबूझ और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए घर से बिना बताये दों मासूम बच्चो के साथ निकली महिला को मय गहनों के तत्परता से
सकुशल ढूंढकर परिजनों को सुपुर्द करने का सराहनीय कार्य किया है…..
घटना का विवरण :- घटना का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि दिनांक 20.09.2026 को जीआरपी कंट्रोल रूम भोपाल से सूचना प्राप्त हुई कि ट्रेन 11038 गोरखपुर एक्सप्रेस में एक महिला जिसका नाम सरिता (बदला हुआ नाम) उम्र करीबन 25 बर्ष निवासी जिला दमोह अपने साथ दों मासूम बच्चे को लेकर घर से बिना बताए जा रही है। सूचना प्राप्त होने पर मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अंकित जायसवाल द्वारा मामले की संवेदनशीलता को दृष्टिगत रखते हुऐ तत्काल जीआरपी थाना प्रभारी इटारसी के मार्गदर्शन में तीन विशेष टीमों का गठन किया गया। जिसमें उप निरीक्षक श्रीलाल पड़रिया, स. उ. नि. श्रवण सिंह, स. उ. नि. दिनेशचंद, प्र. आर. रानु अतुलकर, प्र. आर. दुर्गाप्रसाद, प्र. आर. अजित पटेल, प्र. आर. भूपेन्द्र चौधरी, आर. दीपक सेन, आर. बबलू, आर. मायाशंकर, आर. अमित कौशिक, आर. राजेंद्र, आर. विजय पंद्राम, आर. अमित कुशवाह, आर. रामशंकर, आर. सचिन मीणा, आर. निखलेश मण्डल को शामिल किया गया। टीमों ने बिना समय गंवाए संबंधित ट्रेन के स्टेशन पर आने तक ऑन-ड्यूटी जीआरपी/आरपीएफ स्टाफ व अटेंडर से संपर्क साध कर ट्रेन के रेल्वे स्टेशन इटारसी पर आने पर सघनता से तलाश की गई। किन्तु प्राथमिक तलाश में महिला एवं बच्चों का कोई सुराग नहीं मिला। जो उक्त महिला का आउटर पर धीमी गति में होने पर उतर कर शहर की ओर जाना संभावित होने पर मामले की गंभीरता ओर बढ़ गई थी। जो थाना प्रभारी संजय चौकसे ने एक विशेष टीम को तत्काल रेल्वे स्टेशन पर स्थापित सीसीटीवी कंट्रोल रूम के कैमरो के फुटेज खंगालने के काम पर लगा दिया। परंतु रात का अंधेरा होने तथा लगातार अत्यधिक बारिश होने के कारण पुलिस की तलाश में कठनाई ओर बढ़ गई थी। फिर भी पुलिस द्वारा लगातार तकनीकी विश्लेषण एवं फुटेज की बारीक जांच के दौरान महिला बच्चों के साथ स्टेशन के बाहर शहर की दिशा में जाती हुई दिखाई दी। प्राप्त इनपुट के आधार पर पुलिस टीम ने तत्काल शहर की ओर रुख किया और संभावित स्थलों पर तलाश शुरू की। जो पुलिस टीमों द्वारा करीब पाँच घंटे की गई मैराथन चेकिंग व प्रयासों के फलस्वरूप पुलिस टीम ने महिला व दोनों बच्चों को शहर इटारसी की चौपाटी के पास से सुरक्षित व सकुशल ढूंढ निकाला ।
पुलिस की त्वरित सक्रियता रंग लाई और कुछ ही घंटों में बच्चो के परिजनों का पता लगा लिया गया। सूचना मिलते ही महिला के परिजन व्याकुल अवस्था में जीआरपी थाना इटारसी पहुंचे। अपनी बहन एवं बच्चों को सुरक्षित और सही-सलामत पुलिस संरक्षण में देख परिजनों की आंखें भर आईं। कुछ ही पलों में बच्चों एवं महिला के चेहरे की चिंता दूर हो गई और वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें भी इस मर्मस्पर्शी दृश्य को देखकर नम हो गईं। थाना परिसर में ही आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद महिला को दोनों बच्चों के साथ उनके परिजनों को सुपुर्द किया गया। अपनी बहन एवं बच्चों को सकुशल वापस पाकर
परिजनों की आंखों में खुशी के आंसू छलक आए और उन्होंने इटारसी जीआरपी पुलिस और ‘ऑपरेशन हमदर्द’ टीम की इस मानवीय पहल का नम आंखों से सहृदय आभार व्यक्त किया।
पुलिस अधीक्षक द्वारा स्वयं की गई मॉनिटरिंग उक्त युवा महिला का अपने दों मासूम बच्चों के साथ अचानक गायब होने की घटना की संवेदनशीलता को दृष्टिगत रखते हुऐ पुलिस अधीक्षक रेल अंकित जायसवाल द्वारा पूरे सर्च ऑपरेशन की स्वयं लगातार मॉनिटरिंगकी गई, जिससे उक्त महिला को लगातार प्रयास करके पुलिस टीमों द्वारा तत्काल ही’ गोल्डन आवर’ में ही सकुशल बरामद कर लिया गया। चूँकि महिला के पास स्वयं के पहनने के सोने के आभूषण कीमती करीबन चार लाख के भी थे, जो किसी आपराधिक तत्व के हाथ लगने पर उक्त महिला व बच्चों के साथ किसी भी प्रकार की अनहोनी घटना भी घटित हो सकती थी । इसलिए पुलिस द्वारा अत्यधिक तत्परता से रिस्पांस किया गया ।
अभियान निरंतर रहेगा जारी पुलिस अधीक्षक रेल अंकित जायसवाल द्वारा बताया गया कि विशेष पुलिस महानिदेशक द्वारा चलाये जा रहे ‘ऑपरेशन हमदर्द’ के मिले सकारात्मक परिणामों से पुलिस टीम का उत्साह बढ़ा है। यह अभियान आगे भी इसी प्रकार पूरी संवेदनशीलता और सक्रियता के साथ जारी रहेगा। जिससे ज्यादा से ज्यादा भटके हुये लोगों को उनके परिजनों से मिलाया जा सके और उनकी त्वरित सहायता की जा सके ।
उक्त कार्यवाही में महत्वपूर्ण भूमिका थाना प्रभारी जीआरपी इटारसी निरीक्षक संजय चौकसे के नेतृत्व में उप निरीक्षक श्रीलाल पड़रिया, सउनि श्रवण सिंह, सउनि दिनेशचंद प्र. आर. दुर्गाप्रसाद, प्र. आर. अजित पटेल, प्र. आर. भूपेन्द्र चौधरी, प्र. आर. रानु अतुलकर, आर. दीपक सेन, आर. बबलू, आर. मायाशंकर, आर. अमित कौशिक, आर. सुमित यादव, आर. राजेंद्र, आर. विजय पंद्राम, आर. अमित कुशवाह, आर. रामशंकर, आर. निखलेश मण्डल द्वारा घर से बिना बताए दों मासूम बच्चों के साथ आई महिला को सकुशल भाई को सुपुर्द करने का सराहनीय कार्य किया गया है। उक्त पुलिस टीम को पुलिस अधीक्षक द्वारा पुरुष्कृत करने की घोषणा की गई है।

