
नर्मदापुरम / किशोर बच्चों के स्वास्थ्य और कल्याण के उद्देश्य से शासकीय स्कूलों में उमंग स्कूल हेल्थ एंड वैलनेस कार्यक्रम संचालित हो रहा है। किशोर बच्चों को उनकी समस्याओं की पहचान कराना, स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और उनका सर्वांगीण विकास करना कार्यक्रम का उद्देश्य है। इस कार्यक्रम में हेल्थ एंड वैलनेस एंबेसडर (HWA) की भूमिका निभाने वाले शासकीय शिक्षकों का आयुष्मान भारत कार्यक्रम के अंतर्गत तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी नरसिंह गहलोत तथा शिक्षा विभाग के अंतर्गत जिला शिक्षा अधिकारी एलपी प्रजापति के मार्गदर्शन एवं सहयोग से जन मंगल संस्थान के द्वारा जिले के हाई स्कूल तथा हा. से. स्कूल के शिक्षकों को आवासीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण के माध्यम से स्कूल के शिक्षकों को हेल्थ एंड वैलनेस एंबेसेडर के रूप में प्रशिक्षित किया जा रहा है।
उमंग है तो जिंदगी में रंग है जैसी भावना को ध्यान में रखते हुए शिक्षक अपने विद्यालय के किशोर बच्चों को उनका सर्वांगीण विकास करने तथा स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने का कार्य करेंगे। प्रशिक्षकों ने कक्षावार जीवन कौशल शिक्षा संबंधी मॉड्यूल के आधार पर शिक्षकों को प्रशिक्षित किया। प्रशिक्षण के दौरान कृत्तिका गोस्वामी, वंदना मिश्र, सरिता पाल, सारिका तिवारी, ज्योति खन्ना, मंजुला मोहनिया ने प्रशिक्षक की भूमिका निभाई। प्रशिक्षण में एडीपीसी राजेश गुप्ता, जिला स्वास्थ्य समिति का मार्गदर्शन मिला। आयोजक के रूप में संपूर्ण कार्यक्रम की संचालन व्यवस्था जन मंगल संस्थान की ओर से की गई। संस्था प्रतिनिधि कपिल चौरसिया के मार्गदर्शन में जिला अस्पताल के परामर्शदाता शुभम संतोरे, सिवनी मालवा से परामर्शदाता ईश्वर विश्नोई, दुर्गेश कुमरे, हरवीर सिंह गौर ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

