
नर्मदापुरम / शहर के समीपस्थ ग्राम निटाया में स्वामित्व योजना के नाम पर सरपंच पुत्र जमीन हड़पने की कोशिश कर रहे हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि आवेदक निटाया गांव का निवासी नहीं है न ही किसान हैं । सरपंच का पुत्र है और निराकरण समिति पर भी सरपंच का ही आधिपत्य है, जिसका फायदा उठाकर सरपंच करोड़ों की भूमि अपने बेटों को निटाया गांव का निवासी बताकर हड़पना चाहते हैं । खलियान के नाम पर आबादी भूमि में स्वामित्व योजना के तहत स्वामित्व चाहते हैं जबकि उक्त भूमि हमेशा से खाली थी। ग्रामीणों ने बताया कि विवादित आबादी भूमि हमेशा से खाली थी। इसी को कुछ हिस्से से राष्ट्रीय राजमार्ग गया है । सर्वे के दौरान पटवारी को यह भूमि खाली होना बताया था। इसमें सरपंच, पटवारी और तहसीलदार की मिली भगत से इंकार नहीं किया जा सकता । इस भूमि पर किसी का कभी कब्जा नहीं रहा । हम ग्रामवासियों का कलेक्टर से निवेदन है कि सरपंच के कहने से गलत न करें। ये खाली भूमि सामूदायिक स्वस्थ्य केंद्र या किसी अन्य शासकीय भवन को आवंटित कराकर फेंसिंग करा दें अन्यथा भविष्य में भी लोग उस भूमि पर अतिक्रमण कर भवन बनाकर दूसरी किसी योजना में गलत तरीके से हथियाने की कोशिश करेंगे। अतः इस भूमि को अभी संरक्षित करने की अपील ग्रामीणों ने की है। किसी शासकीय भवन के लिए आरक्षित करने की अपील की है ताकि भविष्य में कोई गलत इंसान इसे न हथिया सके। ये महत्वपूर्ण भूमि जनता के हित में जनता के काम आ सके। ग्रामीणों को आशा है कि कलेक्टर अति संवेदनशील है अवश्य शीध्र भूमि संरक्षित कराकर जनता के हित में कार्य करेंगे ।

