
नर्मदापुरम / स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 एवं सुपर 75 शहर के अंतर्गत नगर पालिका परिषद नर्मदापुरम द्वारा मालासूर अभियान का संचालन किया जा रहा है। जिसमें अपने घर प्रतिष्ठान के सेप्टिक टैंक को 3 साल के अंदर में सफाई किया जाना अनिवार्य है। मालासूर अभियान अंतर्गत जिस भी टैंक की सफाई की जाएगी, उसमें कुल राशि का 10% की छूट दी जाएगी। नपा के सतीष यादव ने बताया कि नपाध्यक्ष नीतू यादव एवं मुख्य नगरपालिका अधिकारी हेमेश्वरी पटले और कार्य प्रभारी अधिकारी दीक्षा तिवारी के निर्देशन में नगर में स्वच्छ सर्वेक्षण को गतिविधियां प्रारंभ हैं। नपा के सतीष यादव ने बताया कि नगर पालिका प्रशासन द्वारा स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत नगर के समस्त नागरिकों, दुकानदारों और शासकीय/ अर्द्धशासकीय कार्यालयों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। जिसमें मानक निर्माण शासन के आदेशानुसार, सभी घरों, दुकानों और संस्थानों में निर्मित सेप्टिक टैंक का निर्माण आईएस 2470 (पार्ट 01-02) के मानकों के अनुसार होना अनिवार्य है। शहर की स्वच्छता बनाए रखने के लिए खुले में शौच करना पूर्णत: प्रतिबंधित है।
जुमार्ना विवरण…..
नियमों का उल्लंघन करते हुए पाया जाता है, तो उन पर अर्थदंड लगाया जाएगा। एसआई मानक के अनुसार टैंक न बनाने पर 3,300 रु 2 से 3 वर्ष में टैंक खाली न करवाने पर 1,500 रुपए जुमार्ना होगा। खुले में शौच करते पाए जाने पर पहली बार 50 दूसरी बार 100 रुपए जुमार्ना होगा। शौचालय का गंदा पानी/ मल खुले में छोड़ने पर – 5000 का जुमार्ना लगेगा। सेप्टिक टैंक खाली कराने का शुल्क (उपयोग शुल्क) नगर पालिका ने टैंक खाली करने के लिए दरें भी निर्धारित की हैं। जिसमें नगर पालिका द्वारा घरेलू ट्रैक्टर 1,000 प्रति ट्रिप, नगर पालिका ट्रैक्टर कार्मशियल 2,000 प्रति ट्रिप, नगरीय सीमा के बाहर 2,500 प्रति ट्रिप, प्राइवेट आपरेटर शुल्क 500 (सीमा के भीतर) और 1,000 (सीमा के बाहर) लगेगा।

