

नर्मदापुरम / किशोर बच्चों के स्वास्थ्य और कल्याण के उद्देश्य से राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत उमंग स्कूल हेल्थ एंड वैलनेस कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। आयुष्मान भारत, स्वास्थ्य विभाग तथा शिक्षा विभाग के मार्गदर्शन एवं सहयोग से शासकीय माध्यमिक स्कूल के शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया। इस प्रशिक्षण में जिले के माध्यमिक स्कूल शिक्षकों को आरोग्य दूत के रूप में कक्षा 6, 7 तथा 8 के लिए वर्णित जीवन कौशल शिक्षा संबंधी मॉड्यूल के आधार पर शिक्षकों को प्रशिक्षित किया। विद्यार्थियों की किशोरावस्था, पोषण आहार, नशामुक्ति, मानसिक स्वास्थ्य, लिंग आधारित भेदभाव आदि विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रशिक्षण के दौरान राजेंद्र कुमार ठाकुर, जितेंद्र शर्मा, ओमप्रकाश विश्वकर्मा, हेमंत पटेल, सोनू जैन, कृत्तिका गोस्वामी, शक्ति गोस्वामी, मनीषा वानखेड़े ने प्रशिक्षक की भूमिका निभाई। प्रशिक्षण के तृतीय चरण के समापन में शिक्षा विभाग से एपीसी विनोद केरकेट्टा, प्रदीप चौहान, बलवंत सिंह राजपूत, डाइट प्रभारी संजय भट्ट ने उपस्थित होकर प्रशिक्षण ले रहे शिक्षकों को मार्गदर्शन दिया एवं विद्यार्थियों के हित में चलाए जा रहे उमंग कार्यक्रम की प्रशंसा करते हुए इसे उनके जीवन में बेहद लाभकारी बताया। हमको सामूहिक प्रयास करके विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास करना है। संपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम की संचालन व्यवस्था जन मंगल संस्थान ने की। संस्था की ओर से परियोजना प्रभारी अर्चना नागेश्वर, कपिल चौरसिया के मार्गदर्शन में उमंग स्वास्थ्य केंद्र के परामर्शदाता ईश्वर विश्नोई, शुभम संतोरे, रितेश कुशवाहा, सतीश वर्मा, संस्था के राजेश सरयाम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

