नर्मदपुरम / समाजसेवा, कला, साहित्य, संस्कृति को सर्मपित संस्था नर्मदा आव्हान सेवा समिति व्दारा नर्मदापुरम इस बार शरद पूर्णिमा के अवसर पर योगेश्वर श्रीकृष्ण जन्मस्थली ओर लीलास्थली जो शाश्वत प्रेम का प्रतीक है। वैष्णव परंपरा के सबसे पवित्र तीर्थस्थलों में से एक मथुरा में काव्योत्सव एवं सम्मान समारोह 24-25 अक्टूबर को किया जा रहा है।
संयोजक केप्टिन किशोर करैया ने बताया कि देश के विभिन्न प्रांतों से 40 कवियों एवं कवयित्रियों को आंमत्रित किया गया है। उन्होंने बताया की भारत की समृद्ध साहित्यिक विरासत और कला को जीवित रखने की दिशा में यह हमारा प्रयास निरंतर जारी है। देश के सुप्रसिद्ध रचनाकार अपनी ओजस्वी वाणी, हास्य-व्यंग्य और श्रृंगार रस की कविताओं से साहित्य की अद्भुत छटा बिखेरेंगे।
संस्था के वरिष्ठ उपाध्यक्ष हंस राय ने बताया कि उक्त आयोजन मे पूर्व सांसद, वरिष्ठ कवि प्रो. ओमपाल सिंह निडर के सरंक्षण, वरिष्ठ गीतकार भूदत्त शर्मा हरिद्वार के मुख्यातिथ्य, साहित्यकार अनुराधा पाण्डेय दिल्ली की अध्यक्षता एवं सुनील केहरी भोपाल, प्रभात झा कटनी के विशिष्ट आतिथ्य मे किया जा रहा है। श्री करैया ने बताया कि आयोजन काव्य पाठ उपरांत सभी कवयित्रियों को अतिथियों की उपस्थिति मे समिति स्मृति चिन्ह एवं साहित्य गौरव सम्मान से अंलकृत किया जायेगा।

