

नर्मदापुरम / युवाओं में नेतृत्व क्षमता, संगठनात्मक कौशल, सामाजिक जिम्मेदारी एवं राष्ट्र निर्माण के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करने के उद्देश्य से नर्मदापुर युवा मंडल द्वारा रविवार को हैप्पी मैरिज गार्डन में युवा नेतृत्व विकास कार्यशाला का आयोजन किया गया। तीन सत्रों में आयोजित कार्यशाला में 350 से अधिक युवाओं ने सहभागिता की। नर्मदापुर युवा मंडल सचिव मनीष परदेशी ने बताया कि कार्यशाला का उद्देश्य युवाओं की प्रतिभा और ऊर्जा को सकारात्मक दिशा देना तथा उन्हें समाज एवं राष्ट्र के विकास में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना था। कार्यशाला के विभिन्न सत्रों में वक्ताओं ने नशामुक्ति, शिक्षा, व्यक्तित्व विकास, नेतृत्व क्षमता एवं राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका पर मार्गदर्शन दिया। कार्यक्रम की शुरुआत भारत माता एवं स्वामी विवेकानंद के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद सामूहिक रूप से वंदे मातरम् का गान किया गया। उद्घाटन सत्र में एसडीओपी पुलिस जितेंद्र पाठक, नर्मदापुर युवा मंडल संरक्षक भरतसिंह राजपूत, समाजसेवी भगवती चौरे, बिल्डर लक्ष्मण सिंह बैस, हरी शर्मा एवं एडवोकेट प्रशांत तिवारी विशेष रूप से उपस्थित रहे। नर्मदापुर युवा मंडल अध्यक्ष अखिलेश खंडेलवाल ने कार्यशाला की रूपरेखा रखते हुए कहा कि युवाओं को केवल अपने करियर तक सीमित न रहकर समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी को भी समझना चाहिए। युवा शक्ति को सही दिशा और उचित मार्गदर्शन मिले तो वह समाज एवं राष्ट्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
नशे से दूर रहकर सकारात्मक दिशा में बढ़ें युवा….
प्रथम सत्र में एसडीओपी जितेंद्र पाठक ने नशामुक्ति विषय पर युवाओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि नशा युवाओं के भविष्य और परिवार दोनों को प्रभावित करता है। युवाओं को नशे से दूर रहकर खेल, शिक्षा और रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से अपनी ऊर्जा का सकारात्मक उपयोग करना चाहिए।
शिक्षा के साथ संस्कार और लक्ष्य भी जरूरी…..
दूसरे सत्र में भोपाल गुरुकुल के संस्थापक परेश पाठक ने शिक्षा एवं व्यक्तित्व निर्माण पर युवाओं से संवाद किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल डिग्री हासिल करना नहीं, बल्कि बेहतर सोच, अनुशासन और जिम्मेदार व्यक्तित्व का निर्माण करना है। युवाओं को अपनी प्रतिभा पहचानकर स्पष्ट लक्ष्य के साथ आगे बढ़ना चाहिए। सत्र की अध्यक्षता रामनारायण पटेल एवं डॉ. उमेश सेठा ने की।
नेतृत्व पद नहीं, जिम्मेदारी है….
तीसरे सत्र में डॉ. राजकुमार मालवीय ने नेतृत्व क्षमता एवं सामाजिक जिम्मेदारी के विषय पर युवाओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि सच्चा नेतृत्व पद से नहीं, बल्कि जिम्मेदारी लेने और दूसरों को साथ लेकर चलने की क्षमता से विकसित होता है। युवाओं को समाज की समस्याओं को समझकर उनके समाधान में अपनी भूमिका निभानी चाहिए। सत्र की अध्यक्षता पूर्व जनपद पंचायत अध्यक्ष संगीता सोलंकी एवं नीलेंद्र पटेल ने की।
क्षेत्र की इन प्रतिभाओं का हुआ सम्मान…..
कार्यक्रम के दौरान नर्मदापुरम की युवा प्रतिभाओं एवं विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाले युवाओं का सम्मान भी किया गया। अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी अंश बहूत्रा, अंतर्राष्ट्रीय संस्कृत बैंड ध्रुवा के सदस्य वैभव संतोरे, जैविक खेती पर काम करने वाले रूपसिंह, युवा समाजसेवी मनोज बमनोटिया, वॉलीबॉल कोच बख्तावर खान, फुटबॉल कोच दीपू पुरोहित, जेईई में सलेक्ट तनिष्क नरवारे, गौ सेवक जीतू वर्मा, संगीत गुरु कमल झा का सम्मान किया गया।
कार्यक्रम में यह सदस्य रहे मौजूद….
कार्यक्रम का संचालन संस्था सचिव मनीष परदेशी ने किया एवं सभी का आभार सुंदरम अग्रवाल ने व्यक्त किया। इस अवसर पर नर्मदापुर युवा मंडल के दीपक हेमानानी, अनिल दुबे, रूपेश राजपूत, पंकज मलैया , नंदकिशोर यादव, सुमित गौर, माखन मीणा, संतोष सिंह गब्बर, गोपाल चौरे, अतुल भंडारी, पंकज पांडे, संजीव मिश्रा, तरुण चौरे, जयप्रकाश पटेल, अरुण बड़कुर, कमल चव्हाण, मुकेश पटेल, ऋषभ शुक्ला, ललित विनोदिया, अखिलेश निगम, देवेंद्र राठौर, देवू यादव, आकाश मीना, अंकित सराठे, मोनू ठाकुर, राजू आसरे सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।

