

नर्मदापुरम / शहर के रसूलिया क्षेत्र में आयोजित एक पत्रकार वार्ता के दौरान एक युवती ने एक महिला पर गंभीर आरोप लगाते हुए सनसनी फैला दी है। इस मामले में अब पीड़िता के पिता ने विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के जिला अध्यक्ष को एक लिखित आवेदन सौंपकर न्याय और निष्पक्ष जांच की मांग की है। पीड़िता के पिता सतीश वर्मा (निवासी: वार्ड क्रमांक 33, संजय नगर, ग्वालटोली, नर्मदापुरम) द्वारा सौंपे गए शिकायती पत्र और पत्रकार वार्ता के अनुसार, खुद को कोर्ट की वकील बताने वाली एक मुस्लिम महिला ने अपनी पहचान छुपाकर पहले उनके परिवार का भरोसा जीता, फिर उनकी पुत्री भूमिका वर्मा को समलैंगिक (लेस्बियन) लिव-इन रिलेशनशिप में रहने और धर्म परिवर्तन करने के लिए प्रताड़ित किया। इस पूरे मामले में एक स्थानीय वकील की भूमिका पर भी सवाल उठाए गए हैं। छद्म नाम ‘रिया उपाध्याय’ बताकर घर में ली एंट्री, फिर बनाया शादी का दबाव। पत्रकार वार्ता और शिकायत पत्र के अनुसार, आरोपी महिला (जिसका वास्तविक नाम रवीना शेख है) ने शुरुआत में अपनी पहचान छुपाकर खुद को रिया उपाध्याय’ के नाम से परिचित कराया था। रवीना ने खुद को नर्मदापुरम कोर्ट का वकील बताया और कानूनी मदद का भरोसा देकर पीड़िता भूमिका वर्मा और उसके परिवार का विश्वास जीत लिया। इसके बाद वह करीब एक महीने तक उनके घर पर ही रही। आरोप है कि इस दौरान उसने भूमिका को अपने प्रेम जाल में फंसाया और कहा कि हम दोनों लिव-इन रिलेशनशिप में रहेंगे और इंदौर चलकर शादी कर लेंगे।” भूमिका पहले इंदौर जाने के लिए तैयार हो गई थी, लेकिन पारिवारिक कारणों से बाद में उसने मना कर दिया। मस्जिदों-मजारों के चक्कर और ‘ब्रेनवॉश’ करने का आरोप युवती का दावा है कि आरोपी महिला उसे नर्मदापुरम की विभिन्न मस्जिदों और मजारों पर ले जाती थी। पीड़िता के मुताबिक, “उसने मेरा इस कदर ब्रेनवॉश (मानसिक उत्पीड़न) कर दिया था कि मुझे सही-गलत का समझ आना बंद हो गया था।” पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि महिला हिंदू धर्म के प्रति गलत बयानबाजी करती थी और विरोध करने पर डराती-धमकाती थी कि वह हिंदू धर्म को नहीं मानती है। संजय नगर में किराए का कमरा और संदिग्ध नेटवर्क जब भूमिका ने आरोपी महिला से दूरी बनानी शुरू की, तो आरोपी ने संजय नगर इलाके में ही एक मकान किराए पर ले लिया। पीड़िता के अनुसार, उस किराए के मकान में कई अज्ञात लोगों का आना-जाना लगा रहता था। पीड़ित परिवार को अंदेशा है कि यह महिला शहर की कई अन्य लड़कियों और महिलाओं को भी इसी तरह के गलत कामों और नेटवर्क में धकेलने का प्रयास कर चुकी है। विरोध करने पर थाने की धमकी, एक अन्य वकील की संलिप्तता पीड़िता ने खुलासा किया कि जब उसने पूरी तरह दूरी बना ली, तो आरोपी महिला उस पर मुस्लिम धर्म अपनाने का दबाव बनाने लगी। बात न मानने पर उसे पुलिस थाने में झूठी शिकायत करने और कानूनी मामलों में फंसाने की धमकियां दी गईं। पीड़िता का आरोप है कि इस पूरी साजिश और डराने-धमकाने के खेल में एक अन्य स्थानीय वकील भी आरोपी महिला का पूरा साथ दे रहा था। सिटी थाने में FIR दर्ज, संतुष्ट न होने पर संगठन की शरण में पहुंचे पिता छवि *149819.jpg* में दिए गए आवेदन के अनुसार, इस गंभीर मामले के संबंध में पीड़ित परिवार द्वारा सिटी थाना, नर्मदापुरम में शिकायत एवं एफआईआर (FIR) दर्ज करवाई जा चुकी है। हालांकि, पिता सतीश वर्मा का कहना है कि वर्तमान परिस्थितियों में उन्हें अपनी समस्या का अपेक्षित समाधान नहीं मिल पा रहा है और न ही प्रशासन से पर्याप्त सहयोग प्राप्त हो रहा है। इस कारण उनका पूरा परिवार अत्यंत चिंतित और मानसिक रूप से परेशान है। अंततः पीड़ित परिवार ने विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल को पत्र सौंपकर निवेदन किया है कि उन्हें उचित मार्गदर्शन, सहयोग और न्याय दिलाने हेतु आवश्यक प्रयास किए जाएं तथा संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर उचित कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

