
इटारसी / न्यास क्षेत्र में आज अचानक संपूर्ण पानी सप्लाई बंद किए जाने के बाद क्षेत्र में नाराजगी और भ्रम की स्थिति बन गई। इस विषय पर सामाजिक कार्यकर्ता सिद्धार्थ महेश आर्य ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि नगर पालिका द्वारा लोगों के बीच यह बताया जा रहा है कि न्यास क्षेत्र में गंदे पानी की शिकायत उनके द्वारा की गई, जिसके कारण पूरे क्षेत्र का पानी रोका गया है। जबकि वास्तविकता यह है कि मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO) स्वयं मौके पर पहुंचकर पानी की खराब स्थिति देख चुकी हैं।
सिद्धार्थ आर्य ने कहा कि यदि किसी विशेष स्थान पर पानी दूषित पाया गया था, तो केवल उसी क्षेत्र की लाइन बंद करना समझ में आता है, लेकिन पूरे न्यास क्षेत्र की पानी सप्लाई रोक देना किसी भी प्रकार से तर्कसंगत नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब नगर पालिका स्वयं मान रही है कि न्यास क्षेत्र में केवल लगभग 40 नई पाइपलाइन डाली गई हैं, तो क्या केवल 40 पाइप पूरे न्यास क्षेत्र की समस्या का समाधान कर देंगे?
उन्होंने आरोप लगाया कि उन पर लगातार शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। नगर पालिका द्वारा अब टैंकर से पानी देने की बात कही जा रही है, जबकि लगभग 6 माह पहले स्वयं CMO कार्यालय से जारी पत्र में यह कहा गया था कि संबंधित अधिकारी के निर्देशानुसार टैंकर नहीं चलाए जाएंगे। ऐसे में अब अचानक टैंकर व्यवस्था की बात करना कई सवाल खड़े करता है।
सिद्धार्थ आर्य ने कहा कि बिना किसी पूर्व सूचना के अचानक पानी बंद कर दिया गया। रात में बिजली की एक फेस लाइन न होने के कारण टंकी में पानी नहीं चढ़ पाया और सुबह सीधे पूरे न्यास का पानी रोक दिया गया। उन्होंने इसे अपने खिलाफ माहौल बनाने और दबाव की राजनीति बताया।
उन्होंने कहा, “यह राजनीति का विषय नहीं बल्कि जनता के स्वास्थ्य और अधिकारों का मुद्दा है। मुझ पर दबाव बनाने के बजाय समस्या का स्थायी समाधान किया जाना चाहिए। कई लोगों ने मुझसे कहा कि ‘भैया, पानी गंदा है लेकिन पानी तो आ रहा था’, वहीं कई नागरिक मेरे समर्थन में भी आए और कहा कि जब भी कोई व्यक्ति जनता की समस्या उठाता है, उसे ही निशाना बनाया जाता है। लेकिन हम पीछे हटने वाले नहीं हैं।”
सिद्धार्थ आर्य ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी का विरोध करना नहीं, बल्कि क्षेत्रवासियों को स्वच्छ और सुरक्षित पानी दिलाना है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जनता के हित में उनके प्रयास लगातार जारी रहेंगे और किसी भी नागरिक की समस्या को और बढ़ने नहीं दिया जाएगा।

