
नर्मदापुरम / थाना डोलरिया के अपराध के अंतर्गत धारा 109,103 एवं 3(5) बी.एन.एस. शासन विरूद्ध अशोक राजपूत उर्फ ढेचू पुत्र श्यामसिंह राजपूत एवं वीरेन्द्र राजपूत उर्फ सिन्टी आ. बच्चूसिंह राजपूत में सत्र न्यायाधीश नर्मदापुरम् के न्यायालय में आज दिनांक 21-अप्रेल 2026 को निर्णय पारित किया गया। जिसमें आरोपीगणों अशोक राजपूत एवं वीरेन्द्र राजपूत को धारा 103 सहपठित धारा 3(5) बी.एन.एस. के अंतर्गत आजीवन सश्रम कारावास एवं 5,000/- रूपये के अर्थदंड से दडित किया गया अर्थदंड की राशि अदायगी में व्यतिकम पर एक-एक वर्ष का सश्रम कारावास भुगताए जाने के आदेश दिए गए। प्रकरण अभियोजन की तरफ से पैरवी शैलेन्द्र कुमार गौर लोक अभियोजक शासकीय अभिभाषक द्वारा की गई ।
लोक अभियोजक श्री गौर द्वारा बताया गया कि अभियोजन प्रकरण के अनुसार दिनांक 24.11.2024 को पुलिस थाना डोलरिया द्वारा फरियादी अखिलेश राजपूत उर्फ साद पुल सुरेश सिंह राजपूत की सूचना पर देहाती नालसी इस आशय की लेखबद्ध कि की दिनांक 24.11.2024 को उक्त फरियादी दोपहर 2 बजे अपने सिंगाजी नहर वाले खेत में गया था। उस समय अशोक राजपूत व वीरेन्द्र राजपूत दोनो जमीन विवाद को लेकर गाली गलौच करने लगे। तभी अशोक उर्फ ढेचू और वीरेन्द्र उर्फसिंटी ने चाकू निकाल लिये और जान से मारने की नीयत से अशोक राजपूत ने अखिलेख को सिर में पेट और दाहिनी जांघ पर चाकू मारा, घटना गांव की चौधराईन ने देखी। दोनो आरोपीगण जाते जाते बोले कि थाने में रिपोर्ट की तो जान से खत्म कर देंगे। इसी समय अधिलेख के मामा का लड़का संतोष घटनास्थल पर आ गया। जिसे घटना के बारे में जानकारी दी। उक्त सूचना के आधार पर देहाती नालसी लेखबद्ध की गई। आहत का प्रारंभिक ईलाज नर्मदा अपना अस्पताल नर्मदापुरम में कराया गया। जहां से उसे अग्रिम ईलाज के लिये भोपाल ले जाया गया एवं ईलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई । अनुसंधान पूर्ण कर प्रकरण में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया ।

