
नर्मदापुरम / नर्मदापुरम जिले में रिश्तों को शर्मसार करने वाला एक मामला सामने आया है, जहाँ एक महिला ने अपने ही जेठ पर पति की मृत्यु के बाद बैंक खाते से पैसे निकालने और संपत्ति पर अवैध कब्जा करने का गंभीर आरोप लगाया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी के खिलाफ जालसाजी और धोखाधड़ी की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
क्या है पूरा मामला?
शिकायतकर्ता महिला श्रीमती उर्वशी तिवारी ने पुलिस को बताया कि उनके पति अखिलेश शरण तिवारी का निधन 16 अक्टूबर 2024 को हो गया था। उनके पति के बैंक खाते में उनका नाम ‘नॉमिनी’ के तौर पर दर्ज था। आरोप है कि पति की मृत्यु के तुरंत बाद उनके जेठ आशुतोष शरण तिवारी ने मृत भाई के मोबाइल और बैंकिंग विवरण का गलत इस्तेमाल किया।
धोखाधड़ी का तरीका….
FIR के अनुसार, आरोपी ने मृत भाई के SBI खाते से बिना किसी सहमति के अलग-अलग किस्तों में कुल 1,26,131 रुपये निकाल लिए। यह राशि आरोपी ने अपने और अपने पुत्र आस्तिक शरण के खातों में ट्रांसफर की। हैरानी की बात यह है कि यह पूरी प्रक्रिया मृत व्यक्ति के नाम से फर्जी तरीके से की गई।
*संपत्ति और दस्तावेजों पर भी कब्जा*…….
पीड़िता का आरोप है कि जेठ ने न केवल पैसे हड़पे, बल्कि पति के जरूरी दस्तावेज जैसे आधार कार्ड, मृत्यु प्रमाण पत्र, बीमा पॉलिसी के कागज और मोबाइल भी अपने पास अवैध रूप से रख लिए हैं।
इसके अलावा:……
* पति के व्यापार (बिल्डिंग मटेरियल) का स्टॉक और दुकान की बही-खाते भी आरोपी के कब्जे में हैं।
* घर की गाड़ियाँ (कार, ट्रैक्टर-ट्रॉली और मोटरसाइकिल) भी आरोपी ने अपने पास रख ली हैं।
* महिला को और उसके बच्चों को उनके पैतृक घर में घुसने से रोका जा रहा है और जान से मारने की धमकी दी जा रही है।
पुलिस की कार्रवाई…….
पीड़िता की शिकायत और प्राथमिक जांच के बाद, पुलिस ने आरोपी आशुतोष शरण तिवारी और अन्य के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि मामले की गहराता जा रहा है वही जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों से पूछताछ कर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
पीड़िता का बयान:……
“पति के जाने के बाद मैं और मेरे बच्चे (17 वर्षीय बेटी और 13 वर्षीय बेटा) पूरी तरह असहाय हैं। हमारे पास आजीविका का कोई साधन नहीं बचा है और हमें अपनी जान का खतरा महसूस हो रहा है।”

